हर्ष जोहार पाठ्यक्रम के जरिए आत्म विकास की ओर अग्रसर
राज्य में शुरू हुए उत्कृष्ट विद्यालय के बच्चे हर्ष जोहार के जरिए अब अपने पाठ्यक्रम के महत्व के साथ-साथ रचनात्मकता और भावनात्मक तर्क विकसित करने की ओर अग्रसर हो रहे हैं। राज्य सरकार ने कक्षा एक से कक्षा 12 तक की आवश्यकता और सामाजिक-सांस्कृतिक पहलुओं पर ध्यान केंद्रित कर इसको शुरू किया है। हर्ष जोहार पाठ्यक्रम का उद्देश्य राज्य के बच्चों को नकारात्मक भावनात्मक अनुभवों से उबरने की कला सीखना, जटिल समस्याओं को प्रभावी ढंग […]Read More






