ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में ‘वृक्षारोपण महायज्ञ 2026’ का आयोजन, 1000 पौधे रोपकर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
लखनऊ। पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) इकाई की ओर से ‘वृक्षारोपण महायज्ञ 2026’ का भव्य आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति प्रोफेसर अजय तनेजा के नेतृत्व में आयोजित इस विशेष अभियान के तहत विश्वविद्यालय परिसर और आसपास के क्षेत्रों में लगभग 1000 पौधे रोपे गए।
इस महाअभियान की सफलता में कुलसचिव श्री विकास, राष्ट्रीय सेवा योजना समन्वयक डॉ. नलिनी मिश्रा, कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अभय कृष्णा तथा डॉ. बृजेश कुमार द्विवेदी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। अभियान में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, NSS स्वयंसेवकों और शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और सामूहिक श्रमदान के माध्यम से वृक्षारोपण को सफल बनाया।
कार्यक्रम की विशेषता यह रही कि स्वयंसेवकों ने केवल पौधरोपण तक ही अपनी जिम्मेदारी सीमित नहीं रखी, बल्कि पौधों की सुरक्षा और नियमित देखभाल का भी संकल्प लिया। विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि यह पहल विद्यार्थियों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को मजबूत करेगी।
इस अवसर पर कुलपति प्रोफेसर अजय तनेजा ने कहा, “वृक्षारोपण केवल एक दिन का उत्सव नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए हमारा सामूहिक दायित्व है। ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन के इस दौर में पृथ्वी को बचाना सबसे बड़ी चुनौती है। ‘वृक्षारोपण महायज्ञ 2026’ में विद्यार्थियों और स्वयंसेवकों द्वारा दिखाया गया उत्साह अत्यंत सराहनीय है।”
कार्यक्रम के समापन पर राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई की ओर से अभियान में शामिल सभी शिक्षकों, कर्मचारियों और स्वयंसेवकों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। विश्वविद्यालय प्रशासन ने भविष्य में भी पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक जागरूकता से जुड़े ऐसे रचनात्मक अभियानों को निरंतर जारी रखने का संकल्प दोहराया।