राजेश खन्ना की जिद से बना था ‘मेरे नैना सावन भादो’, 50 साल बाद भी आशिकों की प्लेलिस्ट पर करता है राज
हिंदी सिनेमा के इतिहास में कुछ गाने ऐसे हैं, जो समय की सीमाओं को पार कर हमेशा के लिए अमर हो जाते हैं। ऐसा ही एक गीत है ‘मेरे नैना सावन भादो’, जिसे आज भी बॉलीवुड के सबसे खूबसूरत रोमांटिक गीतों में गिना जाता है। करीब 50 साल पहले रिलीज हुआ यह गाना आज भी संगीत प्रेमियों और आशिकों की प्लेलिस्ट का अहम हिस्सा बना हुआ है। दिलचस्प बात यह है कि इस एवरग्रीन गीत के पीछे एक रोचक कहानी छिपी हुई है, जिसमें सुपरस्टार Rajesh Khanna की जिद और महान गायक Kishore Kumar की अनोखी शैली का बड़ा योगदान रहा।
राजेश खन्ना ने रखी थी खास शर्त
साल 1976 में रिलीज हुई फिल्म Mehbooba का निर्देशन Shakti Samanta ने किया था। फिल्म में राजेश खन्ना और Hema Malini मुख्य भूमिकाओं में नजर आए थे। बताया जाता है कि फिल्म के इस खास गीत के लिए निर्देशक की पहली पसंद Mohammed Rafi थे। हालांकि राजेश खन्ना चाहते थे कि उनके किरदार के लिए आवाज केवल किशोर कुमार ही दें। उन्होंने अपनी इस मांग पर जोर दिया और अंततः निर्देशक को उनकी बात माननी पड़ी।
पहली रिकॉर्डिंग से निराश हुए निर्देशक
कहानी के अनुसार, जब किशोर कुमार स्टूडियो पहुंचे तो उन्होंने गीत को एक अलग अंदाज में गाया। रिकॉर्डिंग सुनने के बाद निर्देशक संतुष्ट नहीं हुए और कथित तौर पर स्टूडियो से बाहर चले गए। हालांकि बाद में किशोर कुमार ने उसी गीत को दोबारा रिकॉर्ड किया और उनका यह संस्करण इतिहास बन गया। उनकी भावपूर्ण आवाज ने इस गीत को ऐसी पहचान दी कि यह हिंदी फिल्म संगीत के सबसे यादगार गीतों में शामिल हो गया।
खुद किशोर कुमार भी थे असमंजस में
रिपोर्ट्स के मुताबिक, संगीतकार R. D. Burman ने गाने का प्रारंभिक संस्करण तैयार कर किशोर कुमार को भेजा था। जब उन्हें पता चला कि गीत का एक महिला संस्करण भी रिकॉर्ड किया जाएगा, तो उन्होंने पहले Lata Mangeshkar द्वारा गाए गए संस्करण को सुनने की इच्छा जताई। किशोर कुमार को शुरुआत में लगा था कि शायद वह इस गीत के साथ पूरी तरह न्याय नहीं कर पाएंगे। लेकिन रिकॉर्डिंग के बाद उनका संस्करण इतना लोकप्रिय हुआ कि यह गीत उनकी सबसे यादगार प्रस्तुतियों में गिना जाने लगा।
फिल्म फ्लॉप, लेकिन गाना बना सदाबहार
हालांकि ‘मेरे नैना सावन भादो’ ने अपार लोकप्रियता हासिल की, लेकिन फिल्म ‘महबूबा’ बॉक्स ऑफिस पर उम्मीदों के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सकी। पुनर्जन्म की कहानी पर आधारित इस फिल्म में बड़े सितारे और शानदार संगीत होने के बावजूद दर्शकों का वैसा समर्थन नहीं मिला, जैसा निर्माताओं को उम्मीद थी। इसके बावजूद फिल्म के गीतों ने समय की कसौटी पर खुद को साबित किया और ‘मेरे नैना सावन भादो’ आज भी सदाबहार क्लासिक्स की सूची में शुमार है।
आज भी बरकरार है जादू
पांच दशक बाद भी यह गीत रेडियो, म्यूजिक स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स और लाइव म्यूजिक कार्यक्रमों में समान रूप से लोकप्रिय है। किशोर कुमार की आवाज, आर.डी. बर्मन का संगीत और राजेश खन्ना की स्क्रीन प्रेजेंस ने मिलकर इस गीत को ऐसा मुकाम दिया, जिसे हिंदी सिनेमा के इतिहास में हमेशा याद रखा जाएगा।