केरल के नए मुख्यमंत्री होंगे वी. डी. सतीशन, शशि थरूर बोले- ‘यह टीम UDF की जीत’
कांग्रेस पार्टी ने शुक्रवार को औपचारिक तौर पर वी. डी. सतीशन को केरल का नया मुख्यमंत्री घोषित कर दिया। सतीशन 18 मई को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। उनके नाम की घोषणा के बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और तिरुवनंतपुरम सांसद Shashi Tharoor ने प्रतिक्रिया देते हुए इसे पार्टी और जनता के प्रति वर्षों की सेवा का सम्मान बताया।
थरूर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, “वी. डी. सतीशन जी को कांग्रेस विधायक दल का नेता चुने जाने पर हार्दिक बधाई। यह उनके दृढ़ संकल्प, विश्वास और पार्टी व जनता के लिए वर्षों की समर्पित सेवा की उचित स्वीकारोक्ति है।”
‘यह किसी एक व्यक्ति की नहीं, टीम UDF की जीत’
हालिया विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के लिए सक्रिय रूप से प्रचार करने वाले थरूर ने कहा कि यह जनादेश किसी एक नेता की व्यक्तिगत जीत नहीं, बल्कि पूरे यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) की जीत है।
उन्होंने कहा, “मैंने उनके साथ प्रचार किया और उनकी नियुक्ति से बेहद खुश हूं। यह समझना जरूरी है कि यह किसी एक व्यक्ति की जीत नहीं है, बल्कि टीम UDF के लिए मिला जनादेश है। सरकार को जनता की उम्मीदों पर खरा उतारने की जिम्मेदारी सभी वरिष्ठ नेताओं की है।”
थरूर ने आगे कहा कि गठबंधन की सबसे बड़ी ताकत उसकी विविधता है और सभी नेता मिलकर एक समृद्ध, न्यायपूर्ण और दूरदर्शी केरल के निर्माण के लिए काम करेंगे।
मुख्यमंत्री पद के लिए थरूर के नाम की भी थी चर्चा
इस बार केरल विधानसभा चुनाव में मुकाबला मुख्य रूप से सत्ताधारी एलडीएफ (LDF) और कांग्रेस नेतृत्व वाले यूडीएफ (UDF) के बीच रहा। चुनाव नतीजों के बाद सबसे बड़ा सवाल यह था कि कांग्रेस की ओर से मुख्यमंत्री कौन बनेगा।
राजनीतिक गलियारों में शशि थरूर के नाम को लेकर भी काफी चर्चा थी, जिससे सियासी हलचल तेज हो गई थी। हालांकि, कांग्रेस नेतृत्व ने अंततः वी. डी. सतीशन के नाम पर मुहर लगाकर सभी अटकलों को समाप्त कर दिया।
क्यों चुने गए वी. डी. सतीशन?
V. D. Satheesan लंबे समय से केरल कांग्रेस की राजनीति में एक प्रभावशाली चेहरा रहे हैं। वे अब तक केरल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की भूमिका निभा रहे थे और संगठन में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है।
पार्टी नेतृत्व का मानना है कि सतीशन के अनुभव और संगठनात्मक क्षमता के दम पर कांग्रेस राज्य में मजबूत शासन दे सकेगी।