केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह को जान से मारने की धमकी, डाक से भेजी गई चिट्ठी में लिखा- ‘You will be killed shortly’
बेगूसराय: केंद्रीय कपड़ा मंत्री और बीजेपी नेता गिरिराज सिंह को जान से मारने की धमकी दी गई है। उन्हें यह धमकी डाक के जरिए भेजी गई एक गुमनाम चिट्ठी में दी गई। यह पत्र नई दिल्ली स्थित उनके कार्यालय में मिला, जिसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए बेगूसराय नगर थाने में FIR दर्ज की गई है।
चिट्ठी में अंग्रेजी में लिखा है- “You will be killed shortly by hardcore terrorists”। पत्र के नीचे दो मोबाइल नंबर भी लिखे गए हैं। शुरुआती जांच में इन नंबरों का संबंध कर्नाटक के कोलार जिले से सामने आया है।
निजी सचिव ने गृह मंत्रालय को दी जानकारी
धमकी भरी चिट्ठी मिलने के बाद केंद्रीय मंत्री के निजी सचिव और IAS अधिकारी योगेंद्र सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के सचिव को इसकी जानकारी दी।
जानकारी के मुताबिक, 3 सितंबर को नई दिल्ली के नेताजी नगर स्थित GPOA-3 के कमरा नंबर 5605 में साधारण डाक से एक गुमनाम पत्र पहुंचा था। लिफाफे पर गिरिराज सिंह के नाम और वस्त्र मंत्रालय, उद्योग भवन, नई दिल्ली का पता दर्ज था।
लिफाफे के अंदर टाइप की गई एक लाइन में केंद्रीय मंत्री को जान से मारने की धमकी दी गई थी। इसके साथ दो मोबाइल नंबर भी लिखे गए थे।
4 सितंबर को दर्ज हुई FIR
मामले में बेगूसराय नगर थाने में 4 सितंबर को FIR दर्ज की गई। पुलिस के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री की हत्या की साजिश और उन्हें जान से मारने की धमकी देना गंभीर और संज्ञेय अपराध है।
FIR में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 55, 351(3) और 61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
मोबाइल नंबरों का कर्नाटक से कनेक्शन
शुरुआती जांच में धमकी वाले पत्र में दर्ज दोनों मोबाइल नंबरों का संबंध कर्नाटक के कोलार जिले के श्रीनिवासपुरा तालुका के इम्बाला गांव निवासी नीतीश रेड्डी, पिता रामकृष्ण रेड्डी से जुड़ता हुआ सामने आया है।
हालांकि, पुलिस इस कनेक्शन की विस्तृत जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि धमकी भरा पत्र वास्तव में किसने भेजा था।
जांच के लिए दिल्ली रवाना हुई पुलिस टीम
मामले की जांच के लिए बेगूसराय पुलिस की टीम दिल्ली रवाना हो गई है। पुलिस दिल्ली में उस स्थान और डाक से संबंधित तमाम पहलुओं की जांच करेगी, जहां से धमकी भरा पत्र भेजे जाने की बात सामने आई है।
प्रभारी सदर डीएसपी इमरान अहमद ने बताया कि केंद्रीय मंत्री को धमकी भरा पत्र दिल्ली में मिला था। उनके निजी सचिव की सूचना के आधार पर बेगूसराय नगर थाने में मामला दर्ज किया गया है और आगे की जांच के लिए पुलिस टीम दिल्ली भेजी गई है।
2024 में भी मिली थी धमकी
गौरतलब है कि सितंबर 2024 में भी गिरिराज सिंह के तत्कालीन सांसद प्रतिनिधि अमरेन्द्र कुमार अमर को पाकिस्तान से व्हाट्सऐप कॉल के जरिए जान से मारने की धमकी दिए जाने का मामला सामने आया था। उस मामले में भी जांच की गई थी, हालांकि अब तक कोई बड़ी कार्रवाई सामने नहीं आई है।