गाजीपुर से सीएम योगी का विपक्ष पर बड़ा हमला, बोले- “पहले पहचान का संकट था, अब यूपी बदल चुका है”
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को गाजीपुर दौरे के दौरान 692 करोड़ रुपये की लागत वाली 268 जनकल्याणकारी परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने एक जनसभा को संबोधित करते हुए समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला और कहा कि इन दलों ने गाजीपुर समेत पूरे प्रदेश की पहचान को नुकसान पहुंचाया।
सीएम योगी ने कहा कि कभी गाजीपुर वीर सैनिकों, साहित्यकारों और महान विभूतियों की धरती के रूप में जाना जाता था, लेकिन पिछली सरकारों की नीतियों के कारण जिले की पहचान पर संकट खड़ा हो गया। उन्होंने दावा किया कि पहले उत्तर प्रदेश का नाम सुनकर लोग दूरी बना लेते थे, जबकि आज प्रदेश की छवि पूरी तरह बदल चुकी है।
उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने राष्ट्रनायकों को सम्मान दिया और महाराजा सुहेलदेव जैसे ऐतिहासिक व्यक्तित्वों को उचित पहचान दिलाई। योगी ने आरोप लगाया कि पहले की सरकारें विदेशी आक्रांताओं का महिमामंडन करती थीं, जबकि उनकी सरकार ने सालार मसूद के मेले की जगह महाराजा सुहेलदेव की स्मृति को बढ़ावा दिया।
मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था को लेकर भी अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने कहा कि पहले दंगे, कर्फ्यू और माफिया राज प्रदेश की पहचान थे, लेकिन अब “नो कर्फ्यू, नो दंगा, यूपी में सब चंगा” की स्थिति है। उन्होंने दोहराया कि अपराधियों और माफियाओं के खिलाफ सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति जारी रहेगी।
रोजगार के मुद्दे पर बोलते हुए योगी ने कहा कि पहले नौकरियों में भ्रष्टाचार और सिफारिश चलती थी, जबकि अब बिना भेदभाव के युवाओं का चयन हो रहा है। उन्होंने विपक्ष पर युवाओं, किसानों, महिलाओं और गरीबों के हितों की अनदेखी करने का आरोप भी लगाया।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की “चार जातियों” वाली अवधारणा का भी उल्लेख किया और कहा कि सरकार गरीब, किसान, महिला और युवा के विकास को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने गाजीपुर के विकास के लिए बेहतर सड़क संपर्क और अन्य बड़ी परियोजनाओं का भी भरोसा दिलाया।