छत्तीसगढ़ में भूमिहीन मजदूरों को बड़ी राहत, 4.95 लाख परिवारों को ₹495 करोड़ ट्रांसफर
रायपुर: Vishnu Deo Sai ने बुधवार को बलौदा बाजार में आयोजित एक कार्यक्रम में Deendayal Upadhyay Bhumihin Krishi Majdoor Kalyan Yojana के तहत राज्य के 4.95 लाख से अधिक भूमिहीन कृषि मजदूरों के खातों में 495 करोड़ रुपये से अधिक की राशि ट्रांसफर की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि Narendra Modi की गारंटी के तहत किए गए वादों को राज्य सरकार तेजी और पारदर्शिता के साथ पूरा कर रही है।
योजना का उद्देश्य
सीएम साय ने बताया कि इस योजना का मकसद केवल आर्थिक सहायता देना नहीं है, बल्कि भूमिहीन परिवारों की आय बढ़ाना, उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और समाज की मुख्यधारा से जोड़ना भी है।
हर परिवार को ₹10,000 सालाना सहायता
इस योजना के तहत पात्र परिवारों को सालाना 10,000 रुपये की वित्तीय सहायता सीधे बैंक खातों में दी जाती है। पहले यह राशि 7,000 रुपये थी, जिसे बढ़ाकर 10,000 रुपये कर दिया गया है।
सीधे खाते में राशि ट्रांसफर होने से बिचौलियों की भूमिका खत्म हो गई है और लाभार्थियों को पूरा लाभ मिल रहा है। इससे परिवारों को शिक्षा, स्वास्थ्य और दैनिक जरूरतों को पूरा करने में मदद मिल रही है।
कई वर्गों को मिल रहा लाभ
यह योजना सिर्फ कृषि मजदूरों तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़े अन्य भूमिहीन वर्गों को भी शामिल करती है। इनमें वनोपज संग्राहक, पशुपालक, बढ़ई, लोहार, मोची, नाई, धोबी जैसे पारंपरिक सेवा प्रदाता शामिल हैं।
इसके अलावा, अनुसूचित क्षेत्रों में रहने वाले पुजारी, बैगा, गुनिया और मांझी समुदायों को भी योजना का लाभ दिया जा रहा है। विशेष रूप से 22,028 बैगा और गुनिया परिवारों को इस योजना के दायरे में शामिल किया गया है।
आवास योजना के तहत भी राहत
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने Pradhan Mantri Awas Yojana के लाभार्थियों को प्रतीकात्मक रूप से घरों की चाबियां भी सौंपीं।
उन्होंने बताया कि पिछले दो वर्षों में 18 लाख से अधिक आवास स्वीकृत किए जा चुके हैं, जिससे हजारों परिवारों को स्थायी आवास और सुरक्षा की भावना मिली है।