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यूपी के लखनऊ स्थित किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग (क्वीनमेरी) में पिछले डेढ़ साल से बिना लाइसेंस चल रही ब्लड स्टोरेज यूनिट का संचालन शनिवार से रोक दिया गया

लखनऊ, 22 फरवरी 2025: उत्तर प्रदेश के लखनऊ स्थित किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग (क्वीनमेरी) में पिछले डेढ़ साल से बिना लाइसेंस के चल रही ब्लड स्टोरेज यूनिट का संचालन शनिवार से रोक दिया गया। यह कदम स्वास्थ्य विभाग द्वारा की गई जांच के बाद उठाया गया, जिसमें पाया गया कि यूनिट का लाइसेंस काफी पहले समाप्त हो चुका था, फिर भी उसे बिना किसी वैध अनुमति के चलाया जा रहा था।

लाइसेंस खत्म होने के बावजूद यूनिट का संचालन

केजीएमयू के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग (क्वीनमेरी) में ब्लड स्टोरेज यूनिट का लाइसेंस दिसंबर 2023 में समाप्त हो गया था, लेकिन इसके बावजूद यह यूनिट लगातार कार्यरत रही। इस दौरान ब्लड स्टोरेज और वितरण की गतिविधियों को बिना उचित निगरानी और अनुमतियों के चलाया गया। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने जब इस मामले की जांच की, तो पाया कि यूनिट का संचालन सभी कानूनी और स्वास्थ्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन में किया जा रहा था।

स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने शनिवार को केजीएमयू के क्वीनमेरी ब्लड स्टोरेज यूनिट को तत्काल प्रभाव से बंद करने का आदेश दिया। अधिकारियों ने यह भी बताया कि यूनिट का संचालन करते समय अस्पताल ने नियमों और सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया, जो मरीजों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन सकता था। इसके अलावा, ब्लड स्टोरेज यूनिट के लिए नवीनीकरण की प्रक्रिया में भी देरी हुई थी, और बिना लाइसेंस के इसका संचालन किया जा रहा था।स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल प्रशासन को भविष्य में सभी स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन के लिए आवश्यक लाइसेंस और अनुमतियों की पुष्टि करने का निर्देश दिया। विभाग ने यह भी कहा कि सभी अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों को अपनी सेवाओं के लिए निर्धारित मानकों और नियमों का पालन करना अनिवार्य है।

केजीएमयू प्रशासन का बयान

केजीएमयू के प्रशासन ने इस मामले पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि “हमारी ओर से यह लापरवाही हुई है, और हम इसके लिए खेद व्यक्त करते हैं। हम स्वास्थ्य विभाग के निर्देशों का पालन करते हुए आवश्यक कदम उठा रहे हैं। हम शीघ्र ही लाइसेंस की नवीनीकरण प्रक्रिया पूरी करेंगे और भविष्य में इस तरह की स्थिति से बचने के लिए सभी उपाय करेंगे।”

ब्लड स्टोरेज यूनिट का महत्व

ब्लड स्टोरेज यूनिट का संचालन एक अत्यधिक संवेदनशील कार्य है, क्योंकि इसमें मरीजों के लिए ब्लड की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करना आवश्यक होता है। बिना लाइसेंस और मानकों के यह कार्य मरीजों की सुरक्षा के लिए खतरे का कारण बन सकता है। इस मामले में, ब्लड स्टोरेज यूनिट के अवैध संचालन से ब्लड की गुणवत्ता और सुरक्षा पर सवाल उठते हैं, जो कि गंभीर स्वास्थ्य जोखिम पैदा कर सकते थे।

स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर असर

इस घटना ने यह भी दिखाया कि स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और नियमों का पालन कितनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। अवैध रूप से चल रही यूनिट से यह स्पष्ट होता है कि स्वास्थ्य विभाग को और अधिक सख्ती से अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों के संचालन की निगरानी करनी चाहिए, ताकि मरीजों को गुणवत्तापूर्ण और सुरक्षित चिकित्सा सेवा मिल सके।

निष्कर्ष

केजीएमयू की ब्लड स्टोरेज यूनिट का बिना लाइसेंस के डेढ़ साल तक चलना स्वास्थ्य सेवाओं के लिए एक बड़ा सबक है। स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई से यह संकेत मिलता है कि अस्पतालों और चिकित्सा संस्थानों को अपनी सभी सेवाओं के लिए वैध अनुमतियां प्राप्त करनी चाहिए और किसी भी प्रकार की लापरवाही या नियमों की अनदेखी को सख्ती से रोका जाना चाहिए।

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