ataltv.com

Hindi News, Breaking Hindi News, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest News in Hindi, ताजा हिंदी ख़बरें

इंदिरा गांधी शारीरिक शिक्षा एवं खेल विज्ञान संस्थान ने आयोजित की तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला

इंदिरा गांधी शारीरिक शिक्षा एवं खेल विज्ञान संस्थान, विकास पुरी दिल्ली, ने अपने बी.एस.सी., बी.पी.एड. और एम.पी.एड. विद्यार्थियों के लिए “विशेष समावेशन प्रशिक्षण कार्यक्रम एकीकृत खेल : कौशल विकास” पर तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की।

प्रशिक्षण कार्यशाला का उद्घाटन स्पेशल ओलंपिक्स भारत के राष्ट्रीय खेल निदेशक (महिला विभाग) एकता झा, (मीडिया प्रभारी) , रमन रेखी, (क्षेत्र निदेशक) विक्रम सिंह तथा संस्थान के प्रधानाचार्य, (कार्यवाहक) प्रोफेसर संदीप तिवारी ने किया।

कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य विशेष आवश्यकताओं के विद्यार्थियों को खेलों के माध्यम से समाज की मुख्य धारा में लाना एवं उनका मानसिक, शारीरिक , भावनात्मक बौद्धिक एवं सामाजिक विकास करवाना था।

कार्यक्रम के पहले दिन विक्रम सिंह (क्षेत्र निदेशक स्पेशल ओलंपिक भारत दिल्ली), एकता झा (वुमन नेशनल स्पोर्ट्स डायरेक्टर) एवं रमन रेखी (जॉइंट नेशनल डायरेक्टर) विशेषज्ञों के तौर पर उपस्थित रहे| उन्होंने अपने वक्तव्य में स्पेशल ओलिंपिक भारत के इतिहास, मिशन और मूल्यों को बताया गया। समावेशी खेलों की महत्ता तथा उनका प्रभाव स्पेशल नीड के बच्चों पर उनके व्यक्तित्व को विकसित करने में इस कार्यक्रम की महत्ता पर चर्चा की गयी।

कार्यक्रम के दूसरे दिन विक्रम सिंह विशेषज्ञ के तौर पर कार्यक्रम की कमान संभाली| विक्रम सिंह ने कार्यशाला के माध्यम से छात्रों को बौद्धिक अक्षमता के बच्चों को किस प्रकार समूह में विभिन्न तकनीकों एवं ड्रिल का प्रयोग कर शिक्षित किया

कार्यक्रम के तीसरे दिन भी विक्रम सिंह विशेषज्ञ के तौर पर उपस्थित रहे| साथ ही इस कार्यक्रम में स्पेशल ओलिंपिक 2023 बर्लिन से लौटे भारत के स्पेशल नीड के ख़िलाड़ी, शिवानी, आशीष उज्जवल , स्वराज सिंह, गुनेशियन सिंह , सुहेलिया और प्रिंस सोलंकी का संस्थान ने स्वागत किया। इन सभी खिलाड़ियों ने विभिन्न खेल क्रियाओं में बी.एस.सी., बी.पी.एड. और एम.पी.एड. विद्यार्थियों के साथ भाग लिया। संस्थान के विभिन्न प्राध्यापकों ने भी मनोरंजन खेलों में भाग लिया।

इस अवसर पर रिले रेस का आयोजन किया गया जिसमे तीन समूहों में प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्रत्येक समूह की संरचना में स्पेशल नीड के बच्चे (2 ) संस्थान के सकुशल छात्र (2 ) का प्रावधान रखा गया।

इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्पेशल नीड के बच्चों और सकुशल छात्रों के बीच में सामंजस्य को स्थापित करना हैं। स्पेशल नीड के प्रशिक्षकों/ अध्यापकों को भी अपने धैर्य, प्यार , सहनशीलता व अपने भावो पर नियंत्रंता से खुद को उनके जैसा महसूस करना होगा व निस्वार्थ भाव से सेवा द्वारा स्पेशल नीड के बच्चों को आगे बढ़ाना होगा।

अंत में कार्यक्रम की संचालक प्रोफेसर गौरी चक्रबोर्ती ने सभी विशेषज्ञों एवं अतिथियों का धन्यवाद कर कार्यक्रम का समापन किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *