गर्मियों में यात्रियों को राहत: 18,262 स्पेशल ट्रेनें चलाएगा रेलवे, भीड़ प्रबंधन पर खास फोकस
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को गर्मियों में चलाई जा रही स्पेशल ट्रेनों की तैयारियों और संचालन की समीक्षा की। बैठक के दौरान उन्होंने उन अतिरिक्त ट्रेन सेवाओं की प्रगति का आकलन किया, जिन्हें ज्यादा मांग वाले रूटों पर भीड़ कम करने और यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए शुरू किया गया है।
भारतीय रेल के अनुसार, 15 अप्रैल से 15 जुलाई 2026 के बीच देशभर में कुल 18,262 गर्मियों की स्पेशल ट्रेन ट्रिप चलाने की योजना है। इनमें से 11,878 ट्रिप की घोषणा पहले ही की जा चुकी है, जबकि बाकी सेवाओं की जानकारी चरणबद्ध तरीके से दी जाएगी। इस पहल का उद्देश्य यात्रियों की बढ़ती मांग को पूरा करना और यात्रा को अधिक सुगम बनाना है।
प्रमुख रेलवे स्टेशनों—नई दिल्ली रेलवे स्टेशन, लोकमान्य तिलक टर्मिनस, छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस, पुणे रेलवे स्टेशन, सूरत रेलवे स्टेशन (उधना सहित), अहमदाबाद रेलवे स्टेशन और बेंगलुरु सिटी रेलवे स्टेशन—पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। यहां भीड़ प्रबंधन के लिए अतिरिक्त इंतजाम किए गए हैं और यात्रियों की सहायता के लिए जमीनी स्तर पर व्यवस्थाएं मजबूत की जा रही हैं।
भीड़ को नियंत्रित करने के लिए रेलवे ने विशेष योजनाएं लागू की हैं। सूरत के उधना स्टेशन पर पश्चिम रेलवे ने रियल-टाइम क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम शुरू किया है। साथ ही, रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के जवान यात्रियों को व्यवस्थित तरीके से ट्रेन में चढ़ने में मदद कर रहे हैं, जिससे भारी भीड़ के बावजूद सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित हो सके।
रेलवे ने गर्मियों में अपने गृह नगरों की यात्रा करने वाले यात्रियों को प्राथमिकता देते हुए बोर्डिंग व्यवस्था और स्टेशन प्रबंधन को बेहतर बनाया है, ताकि यात्रा का अनुभव अधिक सुगम हो।
इसके अलावा कई ट्रेनों में अस्थायी रूप से अतिरिक्त कोच भी जोड़े जा रहे हैं। ट्रेन संख्या 22471/22472 (लालगढ़–दिल्ली सराय) में एक थर्ड AC और एक स्लीपर कोच बढ़ाया गया है। ट्रेन संख्या 22977/22978 (जयपुर–जोधपुर) में First-cum-Second AC और थर्ड AC कोच जोड़े गए हैं। वहीं 12465/12466 (इंदौर–भगत की कोठी) में दो स्लीपर और तीन जनरल कोच की वृद्धि की गई है।
इसी तरह 14864/14863 (जोधपुर–वाराणसी सिटी) ट्रेन में भी एक थर्ड AC कोच अस्थायी रूप से जोड़ा गया है। रेलवे ने संकेत दिया है कि यात्रियों की मांग के अनुसार आगे भी अतिरिक्त कोच और सेवाएं बढ़ाई जा सकती हैं।