दिल्ली में घरेलू सहायिका की हत्या: डॉक्टर ने ‘काला जादू’ को बताया वजह, पुलिस कई एंगल से कर रही जांच
नई दिल्ली: दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के पॉश इलाके ग्रेटर कैलाश में घरेलू सहायिका की कथित हत्या के मामले में नया मोड़ सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में एक डॉक्टर को गिरफ्तार किया है, जिसने पूछताछ के दौरान हत्या की बात स्वीकार करते हुए दावा किया कि घरेलू सहायिका ‘काला जादू’ करती थी और इसी वजह से उसने यह कदम उठाया। हालांकि पुलिस फिलहाल आरोपी के इस दावे को संदेह की नजर से देख रही है और मामले की जांच कई अन्य पहलुओं से भी कर रही है।
छत पर मिला था महिला का शव
पुलिस के अनुसार, 45 वर्षीय महिला का शव गुरुवार को एक इमारत की छत पर खून से लथपथ हालत में मिला था। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची तो आरोपी डॉक्टर वहीं मौजूद था। जांच के दौरान घटनास्थल से एक बल्ला और चाकू बरामद किया गया, जिन्हें कथित तौर पर वारदात में इस्तेमाल किया गया था।
हत्या की बात कबूल करने का दावा
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने पहले महिला पर बल्ले से हमला किया और बाद में चाकू से वार किया। जांच में महिला के शरीर पर कई चोटों के निशान भी पाए गए हैं। आरोपी का दावा है कि घरेलू सहायिका के कथित ‘काला जादू’ के कारण उसका परिवार परेशान था। हालांकि पुलिस का कहना है कि आरोपी लगातार अलग-अलग बयान दे रहा है, इसलिए उसके दावों की सत्यता की जांच की जा रही है।
15 साल से काम कर रही थी महिला
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मृतका पिछले लगभग 15 वर्षों से आरोपी के घर में काम कर रही थी। घटना के समय आरोपी की पत्नी, जो पेशे से डॉक्टर हैं, अपने कार्यस्थल पर मौजूद थीं।
डिप्रेशन और विवाद की भी जांच
पुलिस का कहना है कि आरोपी लंबे समय से अवसाद (डिप्रेशन) से जूझ रहा था। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि घटना से पहले दोनों के बीच किसी प्रकार का विवाद हुआ था या नहीं। जांच के दौरान आरोपी की उंगली पर काटने का निशान भी मिला है, जिससे आशंका जताई जा रही है कि महिला ने खुद को बचाने की कोशिश की हो सकती है।
पुलिस जुटा रही सबूत
दिल्ली पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया है और जांच के लिए क्राइम टीम को भी लगाया गया है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज, फोरेंसिक साक्ष्य और अन्य तकनीकी पहलुओं की भी जांच की जा रही है। फिलहाल पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और सभी तथ्यों के सामने आने के बाद ही हत्या के वास्तविक कारणों का स्पष्ट पता चल सकेगा।