रवि किशन का बयान: संचिता उगाले की मौत पर दुख, कहा– आत्महत्या पाप है; मेडिटेशन और आध्यात्मिकता जरूरी
टीवी इंडस्ट्री से हाल ही में आई 22 वर्षीय एक्ट्रेस संचिता उगाले की आत्महत्या की खबर ने पूरे मनोरंजन जगत को झकझोर दिया है। इस घटना को लेकर अब बीजेपी सांसद और अभिनेता रवि किशन ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है। रवि किशन ने इस घटना को बेहद दुखद बताते हुए कहा कि ऐसे समय में लोगों को मानसिक मजबूती और आध्यात्मिकता की ओर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जीवन में सुख और दुख दोनों आते हैं, लेकिन जीवन को समाप्त करना किसी समस्या का समाधान नहीं है। अपने बयान में रवि किशन ने कहा, “मेडिटेशन जरूरी है, आध्यात्मिकता और पूजा-पाठ से ताकत मिलती है। जिंदगी में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं, लेकिन जिंदा रहना सबसे जरूरी है।” उन्होंने आगे कहा कि आत्महत्या को वे एक गंभीर गलती मानते हैं और इसे “पाप” करार दिया। उनके अनुसार, जो लोग आत्महत्या करते हैं, वे मानसिक और आध्यात्मिक रूप से एक कठिन स्थिति में चले जाते हैं। इसी बयान में उन्होंने यह भी कहा कि जीवन को समय से पहले समाप्त करना सही नहीं है और ऐसी परिस्थितियों में मानसिक स्वास्थ्य और सहयोग प्रणाली को मजबूत करने की जरूरत है। इस बीच, संचिता उगाले की मौत को लेकर अलग-अलग दावे सामने आए हैं। परिवार ने तनाव और डिप्रेशन की आशंका जताई है, जबकि उनके करीबी लोगों ने कार्यस्थल के दबाव की बात कही है। हालांकि, आधिकारिक तौर पर आत्महत्या के कारणों की पुष्टि नहीं हुई है। वहीं, रवि किशन ने एक अन्य सवाल के जवाब में ईडी की कार्रवाई और राजनीतिक मुद्दों पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि जांच एजेंसियां बिना कारण किसी के खिलाफ कार्रवाई नहीं करतीं और कानून से ऊपर कोई नहीं है। उन्होंने भ्रष्टाचार के मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि जो भी गलत करेगा, उसे कानून के तहत जवाबदेह ठहराया जाएगा। उनके अनुसार, मौजूदा व्यवस्था में कोई भी व्यक्ति कानून से बच नहीं सकता। कुल मिलाकर, एक ओर जहां मनोरंजन जगत एक युवा कलाकार की असामयिक मौत से शोक में है, वहीं दूसरी ओर इस मामले ने मानसिक स्वास्थ्य और सामाजिक दबाव जैसे मुद्दों पर फिर से चर्चा शुरू कर दी है।