पुडुचेरी में चुनाव से पहले NDA में दरार, NR कांग्रेस की नई मांगों से बढ़ी सियासी हलचल
केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले सत्तारूढ़ NDA गठबंधन के भीतर तनाव बढ़ता नजर आ रहा है। चुनाव आयोग द्वारा 9 अप्रैल 2026 को मतदान और 4 मई 2026 को मतगणना की घोषणा के बाद राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं, लेकिन इसी बीच गठबंधन में मतभेद उभर आए हैं।
सत्ताधारी NR कांग्रेस ने अपने सहयोगी भारतीय जनता पार्टी के सामने नई शर्तें रख दी हैं, जिससे सीट बंटवारे और चुनावी रणनीति पर असर पड़ सकता है। पार्टी की मुख्य मांग है कि उसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या गृह मंत्री अमित शाह में से किसी एक द्वारा पुडुचेरी को पूर्ण राज्य का दर्जा देने का स्पष्ट आश्वासन मिले। यह मुद्दा लंबे समय से लंबित है और चुनाव से पहले फिर से राजनीतिक केंद्र में आ गया है।
विवाद का एक और कारण उद्योगपति चार्ल्स मार्टिन के नेतृत्व वाली ‘लक्ष्या द्रविड़ जननायक काची’ (LJK) को NDA में शामिल करने का प्रस्ताव है। NR कांग्रेस ने इस पर कड़ा विरोध जताया है। पार्टी नेताओं का कहना है कि LJK का नेतृत्व ऐसे हाथों में है, जिसे वे राजनीतिक रूप से स्वीकार करने के पक्ष में नहीं हैं।
इसी बीच यह भी चर्चा है कि मुख्यमंत्री एन. रंगास्वामी NDA से अलग होने का मन बना सकते हैं। सूत्रों के अनुसार, वे जल्द ही अभिनेता विजय की पार्टी TVK के साथ नए गठबंधन की घोषणा कर सकते हैं।
पुडुचेरी विधानसभा का वर्तमान कार्यकाल 15 जून 2026 को समाप्त हो रहा है। चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, यहां कुल 9.44 लाख मतदाता हैं। ऐसे में चुनाव से पहले गठबंधन में जारी खींचतान ने राज्य की राजनीति को और अधिक दिलचस्प बना दिया है।