ओशिवारा फायरिंग केस: अभिनेता कमाल आर खान (KRK) गिरफ्तार, बिल्डिंग पर चली थीं गोलियां; कोर्ट में आज होगी पेशी
मुंबई: अपनी विवादित टिप्पणियों और सोशल मीडिया पोस्ट के कारण अक्सर चर्चा में रहने वाले अभिनेता, लेखक और प्रोड्यूसर कमाल आर खान, जिन्हें दुनिया ‘केआरके’ के नाम से जानती है, एक गंभीर कानूनी मुश्किल में फंस गए हैं। मुंबई की ओशिवारा पुलिस ने उन्हें एक रिहायशी इमारत पर फायरिंग करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। पुलिस की कड़ी पूछताछ के बाद केआरके ने फायरिंग की बात स्वीकार कर ली है, हालांकि उन्होंने इसे एक ‘हादसा’ करार दिया है। शनिवार को उन्हें मुंबई की संबंधित अदालत में पेश किया जाएगा, जहां पुलिस उनकी कस्टडी की मांग कर सकती है।
क्या है पूरा मामला और कैसे हुई गिरफ्तारी
घटनाक्रम की शुरुआत 18 जनवरी को हुई थी, जब मुंबई के ओशिवारा स्थित अंधेरी इलाके की एक हाई-प्रोफाइल रिहायशी बिल्डिंग ‘नालंदा सोसाइटी’ में अचानक गोलियां चलने की आवाज से सनसनी फैल गई। सोसाइटी के निवासियों ने इस घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी। मौके पर पहुंची ओशिवारा पुलिस ने जांच के दौरान बिल्डिंग परिसर से दो गोलियां बरामद कीं। इनमें से एक गोली इमारत की दूसरी मंजिल पर और दूसरी गोली चौथी मंजिल पर मिली थी।
प्रारंभिक जांच में पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि गोलियां कहां से चलाई गईं, क्योंकि सीसीटीवी फुटेज से कोई स्पष्ट सुराग नहीं मिल पा रहा था। मामले की संजीदगी को देखते हुए ओशिवारा पुलिस की 18 सदस्यीय विशेष टीम और क्राइम ब्रांच की कई टीमों ने संयुक्त रूप से जांच शुरू की। फोरेंसिक विशेषज्ञों की मदद ली गई और बैलिस्टिक गणना (Ballistic calculation) के आधार पर पुलिस इस निष्कर्ष पर पहुंची कि गोलियां संभवतः पास में ही स्थित कमाल आर खान के बंगले की दिशा से आई थीं। इसी संदेह के आधार पर शुक्रवार देर शाम पुलिस ने केआरके को हिरासत में लिया और थाने लाकर पूछताछ शुरू की।
केआरके की स्वीकारोक्ति और ‘हवा’ वाली सफाई
पुलिस की मैराथन पूछताछ के सामने कमाल आर खान ने आखिरकार अपना जुर्म कबूल कर लिया। उन्होंने स्वीकार किया कि फायरिंग उनकी ही लाइसेंसी बंदूक से हुई थी। हालांकि, उन्होंने पुलिस को जो सफाई दी, वह काफी चौंकाने वाली है। केआरके ने दावा किया कि उनका इरादा किसी को नुकसान पहुंचाना या निशाना बनाना नहीं था। उनके अनुसार, वे अपनी पुरानी बंदूक की सफाई कर रहे थे और सफाई के बाद वह ठीक से काम कर रही है या नहीं, यह चेक करने के लिए उन्होंने अपने घर के सामने स्थित मैंग्रोव (जंगल) के इलाके की ओर दो राउंड फायर किए थे।
केआरके ने अपनी सफाई में आगे कहा कि उन्हें लगा था कि गोलियां सुनसान जंगल में जाकर गिरेंगी और किसी को पता नहीं चलेगा। लेकिन उनके मुताबिक, उस समय तेज हवा चल रही थी, जिसके कारण गोलियों की दिशा बदल गई और वे पास की नालंदा सोसाइटी की बिल्डिंग से जा टकराईं। पुलिस फिलहाल इस ‘हवा वाली थ्योरी’ की वैज्ञानिक जांच कर रही है कि क्या हवा के दबाव से गोली की दिशा इतनी अधिक बदल सकती है कि वह एक रिहायशी इमारत की अलग-अलग मंजिलों को निशाना बना ले।
क्या निशाने पर थे निर्देशक और मॉडल?
इस मामले में सबसे संवेदनशील पहलू यह है कि जिन जगहों पर गोलियां लगीं, वहां ग्लैमर जगत से जुड़े लोग रहते हैं। पुलिस द्वारा बरामद की गई दो गोलियों में से एक जिस घर के पास मिली, वह एक जाने-माने लेखक-निर्देशक का है, जबकि दूसरी गोली एक मॉडल के घर के करीब मिली। हालांकि इस गोलीबारी में कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन रिहायशी इलाके में इस तरह की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस इस बात की भी गहनता से जांच कर रही है कि क्या केआरके का इन व्यक्तियों के साथ कोई पुराना विवाद था या यह वाकई महज एक दुर्घटना थी।
बंदूक के लाइसेंस और नियमों का उल्लंघन
जांच में केआरके की बंदूक से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां भी सामने आई हैं। कमाल आर खान ने इस हथियार का लाइसेंस साल 2005 में उत्तर प्रदेश से प्राप्त किया था। पिछले लगभग 20 वर्षों से वे इसी यूपी के लाइसेंस पर मुंबई में हथियार रखे हुए थे। हाल ही में हुए बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) चुनावों के दौरान लागू हुई चुनाव आचार संहिता के कारण नियमों के तहत केआरके ने अपनी बंदूक वर्सोवा पुलिस स्टेशन में जमा कराई थी।
आचार संहिता समाप्त होने के बाद उन्होंने कुछ ही दिन पहले अपनी बंदूक वापस ली थी। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या उत्तर प्रदेश के लाइसेंस पर मुंबई में हथियार रखने के सभी कानूनी मापदंड पूरे किए गए थे या नहीं। साथ ही, रिहायशी इलाके में ‘टेस्टिंग’ के नाम पर फायरिंग करना शस्त्र अधिनियम (Arms Act) का सीधा उल्लंघन है, जो उनकी मुश्किलों को और बढ़ा सकता है।
विवादों से पुराना नाता
कमाल आर खान और विवाद एक-दूसरे के पूरक बन चुके हैं। फिल्म ‘देशद्रोही’ से चर्चा में आए केआरके खुद को नंबर-1 फिल्म क्रिटिक बताते हैं, लेकिन उनके फिल्म रिव्यू अक्सर व्यक्तिगत हमलों और अपमानजनक टिप्पणियों में बदल जाते हैं। बॉलीवुड के लगभग हर बड़े सितारे के साथ उनका सोशल मीडिया पर वाकयुद्ध हो चुका है। इससे पहले भी वे अपने विवादित बयानों के कारण जेल की हवा खा चुके हैं। लेकिन इस बार मामला केवल शब्दों तक सीमित नहीं है, बल्कि ‘गोलीबारी’ जैसे गंभीर अपराध से जुड़ा है, जिसमें कानून के सख्त प्रावधान लागू होते हैं।
ओशिवारा पुलिस ने केआरके की बंदूक जब्त कर ली है और उसे फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है। आज शनिवार को कोर्ट में पेशी के दौरान पुलिस यह दलील दे सकती है कि इस मामले में किसी गहरी साजिश की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता, इसलिए आरोपी की हिरासत जरूरी है। मुंबई पुलिस का कहना है कि वे इस मामले में जीरो टॉलरेंस की नीति अपना रहे हैं क्योंकि सार्वजनिक सुरक्षा के साथ इस तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।