• September 2, 2026

राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय अब 3 हिस्सों में बंटेगा, भोपाल-उज्जैन-जबलपुर में बनेंगे नए तकनीकी विश्वविद्यालय

भोपाल: मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार ने तकनीकी शिक्षा को लेकर बड़ा फैसला लिया है। भोपाल स्थित राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (RGPV) को तीन हिस्सों में बांटने का निर्णय लिया गया है। कैबिनेट ने RGPV के विभाजन को मंजूरी दे दी है। इसके बाद राज्य में तीन नए प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय बनाए जाएंगे।

सरकार के फैसले के मुताबिक, नए विश्वविद्यालय भोपाल, उज्जैन और जबलपुर में स्थापित किए जाएंगे। इसके जरिए अलग-अलग संभागों के तकनीकी संस्थानों और विद्यार्थियों को क्षेत्रीय स्तर पर बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है।

तीन नए तकनीकी एवं कौशल विश्वविद्यालय कौन से होंगे?

RGPV के पुनर्गठन के बाद तीन विश्वविद्यालय प्रस्तावित किए गए हैं।

1. मध्य प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय, भोपाल
इसके अंतर्गत भोपाल, नर्मदापुरम और चंबल संभाग के सभी संबंधित जिले शामिल होंगे।

2. मालवा प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय, उज्जैन
इस विश्वविद्यालय के दायरे में उज्जैन और इंदौर संभाग के तकनीकी संस्थान आएंगे।

3. महाकौशल प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय, जबलपुर
इसके अंतर्गत जबलपुर के साथ रीवा और सागर संभाग के संबंधित तकनीकी संस्थानों को शामिल किया जाएगा।

3.83 लाख से ज्यादा विद्यार्थी और 585 संस्थान जुड़े

मध्य प्रदेश के पीडब्ल्यूडी मंत्री राकेश सिंह ने बताया कि वर्तमान राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय से करीब 585 संस्थान जुड़े हुए हैं। इनमें 13 पाठ्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं और 3.83 लाख से ज्यादा विद्यार्थी अध्ययनरत हैं।

उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय का क्षेत्र काफी बड़ा होने के कारण भौगोलिक दृष्टि से भी इसके पुनर्गठन की जरूरत महसूस की जा रही थी। अलग-अलग क्षेत्रों में तकनीकी विश्वविद्यालय बनने से विद्यार्थियों और संस्थानों के लिए प्रशासनिक एवं शैक्षणिक सुविधाएं अधिक सुलभ हो सकेंगी।

CM मोहन यादव के सुझाव पर बदले गए नाम

राकेश सिंह के मुताबिक, RGPV की जगह अब तीन अलग-अलग प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय अस्तित्व में आएंगे। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री मोहन यादव के सुझाव के आधार पर तीनों विश्वविद्यालयों के नाम तय किए गए हैं।

सरकार का फोकस तकनीकी शिक्षा के साथ कौशल विकास को भी बढ़ावा देने पर है। नए विश्वविद्यालयों के जरिए इंजीनियरिंग और अन्य तकनीकी पाठ्यक्रमों के साथ कौशल आधारित शिक्षा को भी आगे बढ़ाने की तैयारी है।

1.21 लाख छात्रों को लैपटॉप के लिए 304 करोड़ रुपये ट्रांसफर

मुख्यमंत्री मोहन यादव मंगलवार को भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय सभागार में आयोजित ‘प्रतिभाशाली विद्यार्थी प्रोत्साहन योजना’ कार्यक्रम में भी शामिल हुए थे। इस दौरान उन्होंने 12वीं कक्षा में 75 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने वाले विद्यार्थियों को लैपटॉप खरीदने के लिए सहायता राशि दी।

सरकार के मुताबिक, 1.21 लाख से अधिक विद्यार्थियों के खातों में 304 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि ट्रांसफर की गई। प्रत्येक पात्र विद्यार्थी के खाते में 25 हजार रुपये भेजे गए।

इससे पहले मुख्यमंत्री मोहन यादव नक्सल प्रभावित रहे बोंदारी क्षेत्र के लोगों से संवाद और बालाघाट के लिए 225 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं की घोषणा को लेकर भी चर्चा में रहे थे।

अब RGPV को तीन हिस्सों में बांटने के कैबिनेट के फैसले को मध्य प्रदेश में तकनीकी शिक्षा के प्रशासनिक ढांचे में बड़े बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है।

Digiqole Ad

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *