त्योहारों पर रेलवे का बड़ा इंतजाम: दिवाली, छठ और दुर्गा पूजा के लिए चलेंगी करीब 18 हजार स्पेशल ट्रेनें, अश्विनी वैष्णव ने लिया तैयारियों का जायजा
नई दिल्ली: दिवाली, छठ और दुर्गा पूजा के दौरान यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए भारतीय रेलवे ने इस बार बड़े स्तर पर तैयारियां की हैं। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शुक्रवार को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचकर त्योहारों के सीजन के लिए किए गए इंतजामों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने बताया कि पूरे त्योहारों के सीजन में करीब 18 हजार स्पेशल ट्रेनें चलाई जा रही हैं, ताकि यात्रियों को घर जाने और वापस लौटने में परेशानी न हो।
रेल मंत्री के मुताबिक, रेलवे ने पिछले 10 वर्षों के यात्री आंकड़ों का विश्लेषण कर यह योजना तैयार की है। इसके आधार पर उन शहरों और रूटों की पहचान की गई है, जहां त्योहारों के दौरान यात्रियों की संख्या सबसे अधिक रहती है। इसी हिसाब से अलग-अलग रूटों पर स्पेशल ट्रेनों की संख्या तय की गई है।
धनतेरस के आसपास सबसे ज्यादा भीड़, आज चल रही हैं अधिक ट्रेनें
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों के अनुभव से पता चला है कि दिवाली के दिन की तुलना में धनतेरस के आसपास रेलवे स्टेशनों पर अधिक भीड़ रहती है। इसी को ध्यान में रखते हुए इस बार धनतेरस के दिन यात्रियों की अधिक संख्या के मुताबिक अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें लगाई गई हैं।
उन्होंने बताया कि दिवाली के बाद छठ पूजा से लगभग तीन दिन पहले भी यात्रियों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी होती है। रेलवे ने इस पैटर्न को ध्यान में रखकर ट्रेनों की व्यवस्था की है।
मंत्री ने कहा कि रेलवे हर साल के अनुभव से सीखकर अगली बार यात्रियों के लिए और बेहतर इंतजाम करने की कोशिश करता है। यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है और उसी के अनुरूप सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।
नई दिल्ली स्टेशन पर बनाया गया बड़ा होल्डिंग एरिया
त्योहारों के दौरान नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ को व्यवस्थित करने के लिए बड़ा होल्डिंग एरिया बनाया गया है। रेल मंत्री ने बताया कि पहले स्टेशन पर प्रवेश के लिए छह अलग-अलग गेट थे, जिससे कई बार यात्रियों को यह समझने में परेशानी होती थी कि उन्हें किस गेट से प्रवेश करना है।
नई व्यवस्था के तहत प्रवेश से जुड़ी सुविधाओं को एक जगह व्यवस्थित किया गया है। रिजर्व टिकट वाले यात्रियों के लिए बड़ा होल्डिंग एरिया तैयार किया गया है, जहां वे ट्रेन के प्रस्थान से पहले इंतजार कर सकते हैं।
पहले लगेज की जांच और अन्य जरूरी सुविधाएं स्टेशन के अंदर उपलब्ध थीं। अब इन सुविधाओं को बाहर व्यवस्थित किया गया है। इससे स्टेशन के अंदर टिकटिंग और प्रतीक्षा क्षेत्र में ज्यादा जगह उपलब्ध हुई है और यात्रियों की आवाजाही को आसान बनाने में मदद मिल रही है।
सामान्य दिनों में 5 लाख, त्योहारों पर 8 लाख तक पहुंचती है यात्रियों की संख्या
रेल मंत्री ने बताया कि दिल्ली के रेलवे स्टेशनों पर सामान्य दिनों में रोजाना पांच लाख से अधिक यात्रियों का आवागमन होता है। त्योहारों के दौरान यह संख्या बढ़कर करीब आठ लाख तक पहुंच जाती है।
उन्होंने कहा कि यात्रियों की इतनी बड़ी संख्या को संभालने के लिए रेलवे ने अतिरिक्त इंतजाम किए हैं। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भीड़ को नियंत्रित करने और यात्रियों की आवाजाही सुचारु रखने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है।
भीड़ नियंत्रण के लिए बढ़ाई गई कर्मचारियों की तैनाती
अश्विनी वैष्णव के अनुसार, त्योहारों के दौरान भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें चलाने के साथ रेलवे कर्मचारियों की तैनाती भी बढ़ाई गई है। होल्डिंग एरिया के जरिए यात्रियों को व्यवस्थित तरीके से स्टेशन तक पहुंचाने और ट्रेन में चढ़ने की प्रक्रिया को आसान बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि जिन स्थानों पर भीड़ अधिक दिखाई देती है, वहां तत्काल जरूरी कदम उठाए जाते हैं। रेलवे की टीमें इस बात पर नजर रखती हैं कि कहां यात्रियों को रोकना है, कहां उनकी आवाजाही को दूसरी दिशा में मोड़ना है और कहां अतिरिक्त व्यवस्था की जरूरत है।
मंत्री ने कहा कि देश के कई बड़े रेलवे स्टेशनों पर भी इसी तरह के होल्डिंग एरिया बनाए गए हैं और इनका सकारात्मक असर देखने को मिला है।
पिछले साल चली थीं करीब 12 हजार स्पेशल ट्रेनें
रेल मंत्री ने बताया कि पिछले साल त्योहारों के दौरान करीब 12 हजार स्पेशल ट्रेनें चलाई गई थीं। इनमें से कई ट्रेनों को बाद में नियमित ट्रेनों में बदल दिया गया।
इस बार त्योहारों के सीजन में करीब 18 हजार स्पेशल ट्रेनें चलाने की योजना बनाई गई है। रेलवे का कहना है कि पिछले वर्षों के यात्री आंकड़ों और भीड़ के पैटर्न का विश्लेषण करके यह व्यवस्था तैयार की गई है, ताकि त्योहारों के दौरान यात्रियों को बेहतर परिवहन सुविधा मिल सके।
कुल मिलाकर, दिवाली, छठ और दुर्गा पूजा के दौरान बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए रेलवे ने ट्रेनों की संख्या बढ़ाने के साथ स्टेशनों पर भीड़ प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान दिया है।
