Codeine Syrup Syndicate Exposed: कफ सिरप तस्करों का बाहुबलियों से कनेक्शन! धनंजय सिंह और सुशील सिंह के साथ शुभम-अमित की तस्वीरें वायरल
Codeine Syrup Syndicate Exposed: प्रतिबंधित कफ सिरप (Cough Syrup) तस्करी के 100 करोड़ रुपये से अधिक के सिंडिकेट किंगपिन शुभम जायसवाल (Shubham Jaiswal) और उसके पार्टनर अमित सिंह टाटा (Amit Singh Tata) के संबंध पूर्वांचल (Purvanchal) के दो बड़े बाहुबली नेताओं से सामने आए हैं। सोशल मीडिया (Social Media) पर पूर्व सांसद और माफिया धनंजय सिंह (Dhananjay Singh) और बीजेपी (BJP) विधायक सुशील सिंह (Sushil Singh) के साथ उनकी तस्वीरें और वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं। दोनों नेताओं द्वारा अमित सिंह टाटा को ‘छोटा भाई’ बताने वाले वीडियो ने सियासी हलचल तेज कर दी है। इसके अलावा, अमित टाटा की 9777 नंबर वाली फॉर्च्यूनर (Fortuner) का इस्तेमाल, जो धनंजय सिंह की गाड़ियों का खास नंबर है, दोनों के गहरे करीबी रिश्ते को दर्शाता है। एसटीएफ (STF) की पूछताछ में खुलासा हुआ है कि ये तस्कर हवाला (Hawala) के जरिए करोड़ों का लेन-देन करते थे। तो चलिए जानते हैं पूरा मामला क्या है, जानते हैं विस्तार से…
पूर्वांचल के बाहुबलियों से तस्करों का गठजोड़
यह पूरा मामला प्रतिबंधित कोडीन (Codeine) युक्त कफ सिरप (Phensedyl) की अंतर्राज्यीय और अंतर्राष्ट्रीय तस्करी से जुड़ा है, जिसका नेटवर्क झारखंड (Jharkhand) से बांग्लादेश (Bangladesh) तक फैला हुआ है। यूपी एसटीएफ (UP STF) ने हाल ही में इस सिंडिकेट के प्रमुख सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिसमें जौनपुर (Jaunpur) निवासी अमित सिंह टाटा (Amit Singh Tata) भी शामिल है। तस्करी का मुख्य किंगपिन शुभम जायसवाल (Shubham Jaiswal) फिलहाल दुबई (Dubai) भाग चुका है। एसटीएफ (STF) की जांच में खुलासा हुआ कि यह सिंडिकेट करोड़ों रुपये का मुनाफा कमा रहा था और इसका संचालन फर्जी फार्मा फर्मों के माध्यम से किया जा रहा था। इस गंभीर आपराधिक नेटवर्क की जांच के दौरान, शुभम और अमित दोनों के गहरे संबंध पूर्वांचल (Purvanchal) के बाहुबली नेता धनंजय सिंह (Dhananjay Singh) और सैदराजा (Saidraja) से बीजेपी विधायक सुशील सिंह (Sushil Singh) के साथ सामने आए हैं, जिसने मामले को एक गंभीर राजनीतिक मोड़ दे दिया है।
‘छोटा भाई’ संबोधन और 9777 नंबर का रहस्य
सोशल मीडिया (Social Media) पर वायरल हुए वीडियो और तस्वीरों ने अमित सिंह टाटा (Amit Singh Tata) की बाहुबली नेताओं से करीबी उजागर कर दी है। एक वायरल वीडियो में विधायक सुशील सिंह (Sushil Singh) अमित टाटा को सार्वजनिक रूप से अपना ‘छोटा भाई’ बताते हुए दिख रहे हैं। इसी तरह, एक अन्य वीडियो में पूर्व सांसद धनंजय सिंह (Dhananjay Singh) भी अमित टाटा को अपना ‘छोटा भाई’ कहते हुए नज़र आ रहे हैं। इस करीबी का सबसे बड़ा सबूत अमित सिंह टाटा से जब्त हुई फॉर्च्यूनर (Fortuner) गाड़ी है, जिसका नंबर 9777 है। यह नंबर धनंजय सिंह की सभी गाड़ियों का एक विशिष्ट नंबर है, जो दोनों के बीच गहरी दोस्ती या कारोबारी संबंधों की ओर संकेत करता है। यह फॉर्च्यूनर अमित की पत्नी साक्षी सिंह (Sakshi Singh) के नाम पर है और अक्सर धनंजय सिंह के काफिले (Convoy) में चलती थी। शुभम जायसवाल की भी धनंजय सिंह के साथ कई तस्वीरें वायरल हुई हैं।
करोड़ों का हवाला लेन-देन और राजनीतिक महत्वाकांक्षा
एसटीएफ (STF) की पूछताछ में अमित सिंह टाटा (Amit Singh Tata) ने कबूल किया कि इस तस्करी सिंडिकेट का विस्तार बांग्लादेश (Bangladesh) तक था और इसमें मुख्य रूप से नकद लेन-देन (Cash Transaction) और हवाला (Hawala) का इस्तेमाल होता था। यह सिंडिकेट पांच लाख रुपये के निवेश पर तीस लाख रुपये तक का मुनाफा कमा रहा था। शुभम जायसवाल (Shubham Jaiswal) की फर्म—धनबाद (Dhanbad) की देव कृपा मेडिकल एजेंसी और वाराणसी (Varanasi) की श्री मेडिकल—इस तस्करी के केंद्र में थीं। एसटीएफ (STF) ने पाया कि फर्जीवाड़े के कारण कंपनी द्वारा प्रोडक्शन (Production) बंद करने के बावजूद शुभम की दो फर्म सुपर स्टॉकिस्ट (Super Stockist) बनी रहीं। जौनपुर (Jaunpur) का रहने वाला अमित सिंह टाटा इस अवैध कमाई के दम पर आगामी पंचायत चुनावों में ब्लॉक प्रमुख बनने की तैयारी कर रहा था, जो उसकी राजनीतिक महत्वाकांक्षा को दर्शाता है।
धनंजय सिंह की सफाई और सीबीआई जांच की मांग
इस प्रकरण में नाम आने के बाद धनंजय सिंह (Dhananjay Singh) ने अपने फेसबुक (Facebook) अकाउंट के माध्यम से एक संदेश जारी कर सफाई दी है। उन्होंने दावा किया कि उनके राजनीतिक विरोधी कफ सिरप (Cough Syrup) के मुद्दे पर पत्रकारों को गुमराह कर उनके खिलाफ भ्रम फैला रहे हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस (Congress) और अन्य दलों के नेता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) की छवि धूमिल करने की कोशिश कर रहे हैं, क्योंकि यह प्रकरण काशी/वाराणसी (Kashi/Varanasi) से जुड़ा है। धनंजय सिंह ने चूंकि यह मामला अंतर्राज्यीय (Inter-State) है, इसलिए प्रधानमंत्री (Prime Minister) और मुख्यमंत्री (Chief Minister) से इस पूरे प्रकरण की व्यापक जांच सीबीआई (CBI) से कराने का अनुरोध किया है। एसटीएफ (STF) ने फरार किंगपिन शुभम जायसवाल के लिए लुक आउट नोटिस (Look Out Notice) जारी किया है और उसके द्वारा बनाई गई करोड़ों की संपत्ति और बाहुबली कनेक्शनों की गहन जांच कर रही है।