चुनावी रेवड़ियां बांटने की संस्कृति देशहित के लिए घातक
चुनावी रेवड़ियां बांटने की संस्कृति के खिलाफ काशी में सामाजिक कार्यकर्ता मुखर होने लगे हैं। बुधवार को सामाजिक संस्था सुबह-ए-बनारस क्लब के बैनर तले लोक-लुभावने सपने दिखाने वाली चुनावी वादों पर अंकुश लगाने की मांग कर कार्यकर्ताओं ने मैदागिन चौराहे पर इसके खिलाफ लोगों को जागरूक किया। इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि मुफ्त की रेवड़ियां बांटने के चुनावी वादों का मुद्दा जटिल होता जा रहा है। शीर्ष अदालत ने भी साफ तौर पर […]Read More






