रक्षाबंधन पर महिलाओं को CM योगी का बड़ा तोहफा, 27 से 29 अगस्त तक बसों में फ्री सफर
लखनऊ: रक्षाबंधन के त्योहार को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने महिलाओं को बड़ी राहत दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महिलाओं के लिए सरकारी बसों में निशुल्क यात्रा की अवधि बढ़ाकर तीन दिन कर दी है। अब महिलाएं 27 अगस्त की सुबह 6 बजे से 29 अगस्त की मध्यरात्रि तक उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की बसों में मुफ्त यात्रा कर सकेंगी।
इस दौरान महिला यात्री के साथ यात्रा करने वाले एक सहयोगी को भी मुफ्त टिकट मिलेगा। हालांकि, यदि महिला के साथ एक से अधिक लोग सफर करते हैं तो महिला और केवल एक सहयोगी की यात्रा ही निशुल्क होगी। अन्य यात्रियों को निर्धारित किराया देकर टिकट लेना होगा।
पहले दो दिन का था ऐलान, अब तीन दिन मुफ्त सफर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले रक्षाबंधन के अवसर पर महिलाओं के लिए दो दिन निशुल्क बस यात्रा की घोषणा की थी। रविवार को हुई समीक्षा बैठक में उन्होंने इसकी अवधि बढ़ाकर तीन दिन कर दी।
सरकार का उद्देश्य रक्षाबंधन के मौके पर महिलाओं को सुरक्षित और सुविधाजनक तरीके से अपने घर पहुंचने में मदद करना है। इसके लिए परिवहन विभाग के साथ पुलिस और प्रशासन को भी विशेष इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं।
900 से ज्यादा बसों में भी मिलेगी सुविधा
मुख्यमंत्री ने नगर विकास विभाग की 900 से अधिक बसों में भी महिलाओं के लिए निशुल्क यात्रा की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा निजी बसों, ऑटो और टैक्सी चालकों के सत्यापन तथा महिला यात्रियों की सुरक्षा पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया है।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि सभी जिलों में 25 अगस्त तक बस, टैक्सी और ऑटो-टेम्पो यूनियनों के साथ समन्वय बैठक की जाए, ताकि त्योहार के दौरान यात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो।
धार्मिक और पर्यटन स्थलों पर विशेष ट्रैफिक व्यवस्था
रक्षाबंधन के दौरान बड़ी संख्या में लोगों के धार्मिक और पर्यटन स्थलों पर पहुंचने की संभावना को देखते हुए मुख्यमंत्री ने प्रमुख स्थानों पर विशेष यातायात प्रबंधन के निर्देश दिए हैं।
इनमें मथुरा-वृंदावन, अयोध्या, वाराणसी, प्रयागराज, चित्रकूट, विंध्याचल-मिर्जापुर और गोरखपुर जैसे प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थल शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने परिवहन विभाग, पुलिस, प्रशासन, नगर विकास और यातायात विभाग को आपसी समन्वय से काम करने के निर्देश दिए हैं, ताकि रक्षाबंधन पर महिलाओं की सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक घर वापसी सुनिश्चित की जा सके।