• June 23, 2024

Investors Summit 2023 : यूपी में इन्वेस्टर्स समिट का होगा आयोजन, जानिए सीएम योगी का प्रदेश के लिए क्या प्लान ?

 Investors Summit 2023 : यूपी में इन्वेस्टर्स समिट का होगा आयोजन, जानिए सीएम योगी का प्रदेश के लिए क्या प्लान ?

लखनऊ : देश की राज्य की अर्थव्यवस्था की बेहतर स्थिति देश के लिए अहम भूमिका निभाती हैं. इस उद्देश्य को पूरा करने के लिए राज्य अपनी – अपनी रणनीति बनाकर इसका आयोजन करते है. जिसके जरिये देश भर के निवेशक प्रदेश की अर्थव्यवस्था से जुड़ प्रदेश की अर्थव्यवस्था को बेहतर करने में मदद करें। इन दिनों उत्तर प्रदेश में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का योजन किया जा रहा हैं. जिसको लेकर प्रदेश भर में तैयारियां चगल रही है. आइए समझते हैं कि आखिर इसका क्या फायदा होता है?

इन्वेस्टर्स समिट के पीछे सीएम का क्या प्लान

प्रदेश में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के आयोजन करने का सीधा मतलब देश भर के निवेशकों को प्रदेश में निवेश करने के लिए आमंत्रित करना होता है. इसके जरिये देश भर से निवेशक और कंपनिया प्रदेश में निवेश के लिए पहुंचती है. कार्यक्रम में पहुंचने वाली कंपनियों को विस्तार से राज्य सरकार की ओर से कॉरपोरेट सेक्टर में छूट से लेकर व्यवस्थाओं की जानकारी दी जाती है. साफ़ शब्दों में समझे तो निवेशकों को इस बात के आश्वस्त किया जाता है की यदि वे निवेश करते है तो उन्हें तमाम सहूलियतें दी जाएंगी।

ये भी पढ़े :- UP : लखनऊ के बाद अब इस जिले के नाम को बदलने की उठी मांग, अरुण राजभर ने सीएम योगी को लिखा पत्र

निवेशकों को दी जाएगी ये सुविधाएं

सरकार की तरफ से निवेशकों को दी जाने वाली सुविधाओं की बात करें तो, इनमें सिंगल विंडो सिस्टम ,यानी एक ही जगह पर सभी तरह की अप्रूवल मिलने की सुविधा दी जाती है. जिससे राज्य में कारोबार जमाने का मन बनाने वाले इन्वेस्टर्स को यहां-वहां भटकना न पड़े. उत्तर प्रदेश में फैक्टरी लगाने के लिए उद्यमियों को आवेदन करने पर 72 घंटे में एक हजार दिन की एनओसी मिलने की बात कही गई है. इसके साथ ही सस्ते वर्कफोर्स लैंड से लेकर कई की छूटें देकर निवेशकों को आकर्षिक करने का प्रयास किया जाता है. जो राज्य इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन करता है वो अलग-अलग देशों रोड-शो (Road Show) करते हुए अपना प्रमोशन करते हैं.

ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2023 में इतने देश लेंगे हिस्सा

ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के लिए 13 देशों के औद्यौगिक मंत्रियों/सचिवों को निमंत्रण भेजा गया था. उत्तर प्रदेश में 304 विदेशी कंपनियों को लाने की तैयारी है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और अन्य मंत्री खुद निवेश के लिए बातचीत करेंगे. सबसे ज्यादा 53 कंपनियां अमेरिका से आने वाली हैं. जहां तक कंपनियों की बात है तो गूगल, एप्पल, रोल्स रॉयस, सुजुकी, वालमार्ट, अमेजन, जॉनसन एंड जॉनसन, फाइजर,. मर्क, मर्सिडीज, लॉरेल, व फिलिप्स वगैरह हैं.

Digiqole Ad

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *