मानवाधिकारों की मजबूती ‘मुफ्त बांटने’ के बजाय सशक्तिकरण में –
उपराष्ट्रपति जगदीप धनकड़ ने आज कहा कि मानवाधिकारों की मजबूती लोगों के सशक्तिकरण में है और मुफ्त की राजनीति से इसे हासिल नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा कि ‘मुफ्त बांटने’ की राजनीति की होड़ से हमारी व्यय प्राथमिकता प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि देश में इस बात पर बहस होनी चाहिए कि इस तरह की राजनीति कैसे देश की अर्थव्यवस्था, जीवन गुणवत्ता और समाजिक सामन्जस्य पर प्रभाव डाल रही है। आर्थिक विशेषज्ञों […]Read More






