थाईलैंड में ग्यारह छोटे परस्पर-विरोधी राजनीतिक दलों ने 22 अगस्त 2023 को एक वक्ती गठबंधन बना कर सरकार बनाने का दावा पेश किया है। सम्राट महा वाचिरालोंगकोन शायद उनके नेता श्रेष्ठा थावसिन को प्रधानमंत्री बनने का मौका दे भी दें। थाई महाराज अपने को रामदशम (अयोध्या वंश वाले) मानते हैं। मगर यह बेमेल महागठबंधन भारत की अठारहवीं लोकसभा के चुनाव (2024) की दृष्टि से खराब दृष्टांत होगा। सिर्फ सत्ता के लिए पैंतरेबाजी जैसा। दृष्टि केवल […]Read More
नागपंचमी का त्यौहार नाग रक्षा का संदेश देता है। वेद एवं पुराणों में नागों का उद्गम महर्षि कश्यप और उनकी पत्नी कद्रू से माना गया है। नागपंचमी के कथा के श्रवण का बड़ा महत्व है। इस कथा के वाचक सुमंत मुनि एवं श्रोता पाण्डन वंश के राजा शतानीक थे। एक बार देवताओं तथा असुरों में समुद्र मंथन द्वारा 14 रत्नों में उच्चैरू श्रवा नामक अश्व रत्न प्राप्त हुआ। यह अश्व अत्यन्त श्वेत वर्ण का था। […]Read More
भारत और चीन के बीच सीमा पर तनाव बना हुआ है। भारत और चीन के बीच हुई 19 वीं दौर की वार्ता के बावजूद दोनों के बीच सीमा विवाद का कोई समुचित हल नहीं निकल सका है। पिछले कुछ वर्षों में भारत और चीन के रिश्ते खराब रहे हैं। भारत की सीमा में चीनी सैनिकों की घुसपैठ बढ़ने से दोनों देशों के बीच सीमा पर कई इलाकों में विवाद कायम है। वहीं, चीन ने जी-20 […]Read More
भारत का विभाजन हुआ यह सभी ने देखा। कहा जाता है कि नियति ही उस दिन की ऐसी थी, पहले से सब कुछ तय था । पटकथा लिखी जा चुकी थी, परिवर्तन की संभावना शून्य थी। लेकिन इतिहास तो ऐसे कई उदाहरणों से भरा पड़ा है, जब पूर्ण वेग विपरीत दिशा में था उसके बाद भी परिवर्तन संभव हो सके, जो कहीं वर्तमान में दिखाई नहीं देते थे। भारत विभाजन का एक सच यह भी […]Read More
राष्ट्रीय ध्वज हमारे गौरव और स्वाभिमान का प्रतीक है। दुनिया का कोई भी देश अपने राष्ट्रीय ध्वज को जान से भी अधिक सम्मान देता है। राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान के लिए लाखों लोग बलिदान हो चुके हैं। भारत में राष्ट्रीय ध्वज विशेष अवसरों पर फहराया जाता है। बचपन में जब हम स्कूली शिक्षा ग्रहण कर रहे थे उस दौरान स्वाधीनता और गणतंत्र दिवस पर प्रभातफेरी निकाली जाती थी। उस दौरान स्कूली बच्चे हाथों में तिरंगा […]Read More





