अखिलेश यादव का BJP पर गंभीर आरोप: UP में वोटर लिस्ट से PDA समाज के नाम काटे जा रहे, फर्जी फॉर्म-7 का खेल
- कहीं कुर्मी, कहीं पटेल
- कहीं पाल, कहीं मौर्य
- कहीं लोध, कहीं लोधी
- कहीं कुर्मी, कहीं यादव
- कहीं पासी, कहीं पासवान
- कहीं निषाद, कहीं मल्लाह
- कहीं केवट, कहीं कश्यप
- कहीं कुम्हार, कहीं प्रजापति
- कहीं सोनकर, कहीं कोरी
- कहीं अंसारी, कहीं भारती
- कहीं पटेल, कहीं कनौजिया
- कहीं बिंद, कहीं सैंथवार
- कहीं भर, कहीं राजभर
- कहीं कुंजरा, कहीं रयीन
- कहीं गुर्जर, कहीं गडेरिया
- कहीं गद्दी, कहीं घोसी
- कहीं माली, कहीं सैनी
- कहीं मणिहार, कहीं काचर
- कहीं हज्जाम, कहीं सलमानी
- कहीं तेली, कहीं समानी
- कहीं रोगंगर, कहीं धोबी
- कहीं लाखेर, कहीं गंगवार
- कहीं बाथम, कहीं जाट
- कहीं कोई अन्य PDA समाज
उन्होंने कहा कि यह सूची और भी लंबी हो सकती है। अगर चुनाव आयोग AI की मदद से वह लिस्ट जारी करे जो भाजपा ने वोट काटने के लिए दी है, तो सच्चाई सामने आ जाएगी। अखिलेश ने मांग की कि सुनवाई के लिए 1-2 किमी के दायरे में केंद्र बनाए जाएं और सुनवाई में कोई अनसुनी न हो।BJP पर निशाना: पंचायत चुनाव टाल रही सरकार, जनगणना नहीं करा रहीसपा प्रमुख ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पंचायत चुनाव को आरक्षण के नाम पर फंसाकर टाला जा रहा है, क्योंकि भाजपा जानती है कि गांव-गांव में जनता उनके खिलाफ वोट डालने को तैयार है। हजार घपले-घोटालों के बावजूद भाजपा जीतने की स्थिति में नहीं है। उन्होंने सरकार को पूरी तरह नाकाम बताते हुए कहा कि वह न जनगणना कर रही है, न जाति गणना।