स्वतंत्रता दिवस से पहले दिल्ली में हाई अलर्ट: 16 अगस्त तक ड्रोन उड़ाने पर रोक
नई दिल्ली: स्वतंत्रता दिवस समारोह 2026 को लेकर राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी गई है। दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के मद्देनजर बड़ा फैसला लेते हुए 2 अगस्त से 16 अगस्त 2026 तक राजधानी में ड्रोन सहित सभी छोटे हवाई प्लेटफॉर्म के संचालन पर प्रतिबंध लगा दिया है।
दिल्ली पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार द्वारा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 के तहत जारी आदेश के अनुसार, इस अवधि में किसी भी व्यक्ति को बिना अनुमति ऐसे हवाई उपकरण उड़ाने की इजाजत नहीं होगी।
किन-किन हवाई उपकरणों पर रहेगा प्रतिबंध?
दिल्ली पुलिस के आदेश के मुताबिक, निम्नलिखित हवाई प्लेटफॉर्म के संचालन पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा—
- ड्रोन (UAV/UAS)
- क्वाडकॉप्टर
- रिमोटली पायलटेड एयरक्राफ्ट (RPA)
- पैराग्लाइडर
- पैरामोटर
- हैंग ग्लाइडर
- माइक्रोलाइट एयरक्राफ्ट
- हॉट एयर बैलून
- छोटे पावर्ड एयरक्राफ्ट
- विमान से पैरा-जंपिंग
सुरक्षा एजेंसियों को मिली थी इनपुट
दिल्ली पुलिस के अनुसार, खुफिया एजेंसियों से मिले इनपुट में आशंका जताई गई है कि असामाजिक तत्व या आतंकवादी संगठन ड्रोन और अन्य छोटे हवाई साधनों का इस्तेमाल कर आम नागरिकों, वीआईपी, वीवीआईपी और महत्वपूर्ण सरकारी प्रतिष्ठानों की सुरक्षा को खतरा पहुंचा सकते हैं।
इसी संभावित खतरे को देखते हुए स्वतंत्रता दिवस समारोह से पहले एहतियातन यह प्रतिबंध लागू किया गया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
आदेश का उल्लंघन करने पर होगी कार्रवाई
दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंधात्मक आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
यह आदेश 2 अगस्त 2026 से 16 अगस्त 2026 तक प्रभावी रहेगा। इसकी जानकारी सभी जिला पुलिस इकाइयों, तहसील कार्यालयों, पुलिस थानों, NDMC, MCD, PWD, DDA और दिल्ली छावनी बोर्ड के कार्यालयों को भेजी गई है। चूंकि प्रत्येक व्यक्ति को अलग-अलग नोटिस देना संभव नहीं है, इसलिए यह आदेश एक्स-पार्टी (Ex Parte) जारी किया गया है।
स्वतंत्रता दिवस पर रहती है अभूतपूर्व सुरक्षा
हर वर्ष 15 अगस्त को दिल्ली के लाल किले पर आयोजित मुख्य समारोह में प्रधानमंत्री राष्ट्रीय ध्वज फहराते हैं और देश को संबोधित करते हैं। इस अवसर पर बड़ी संख्या में आम नागरिकों के साथ राष्ट्रपति, केंद्रीय मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी, विदेशी प्रतिनिधि और अन्य वीआईपी एवं वीवीआईपी भी मौजूद रहते हैं।
इसी कारण स्वतंत्रता दिवस से पहले राजधानी में बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की जाती है और संवेदनशील गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी जाती है।
पहले भी ड्रोन के जरिए हथियार तस्करी का मामला आया था सामने
गौरतलब है कि इसी वर्ष अप्रैल में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए ISI से जुड़े नेटवर्क द्वारा ड्रोन के माध्यम से भेजे गए हथियारों का जखीरा बरामद किया था। इस मामले में 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। सुरक्षा एजेंसियां मानती हैं कि ऐसे मामलों को देखते हुए ड्रोन गतिविधियों पर सख्त निगरानी और प्रतिबंध आवश्यक है।