जापान के वायरल बंदर ‘पंच’ ने दिल जीत लिए: मां ने छोड़ा, अब ओरंगुटान का सॉफ्ट टॉय बना ‘मां’, चिड़ियाघर में उमड़ी भीड़!
टोक्यो के पास इचिकावा सिटी चिड़ियाघर में एक छोटा सा जापानी मकाक बंदर पंच (Punch) इन दिनों सोशल मीडिया पर छाया हुआ है। जुलाई 2025 में जन्मे इस नन्हे बंदर को उसकी मां ने जन्म के तुरंत बाद ही छोड़ दिया। बंदरों के ग्रुप में सामान्य रूप से बच्चे मां के साथ रहते हैं और ग्रुप के अन्य सदस्य उन्हें अपनाते हैं, लेकिन पंच को किसी ने नहीं अपनाया। अकेलेपन से जूझते पंच को चिड़ियाघर के कर्मचारियों ने हाथों-हाथ पाला और दूध पिलाया।
कुछ दिनों बाद कर्मचारियों ने उसे एक ओरंगुटान का सॉफ्ट टॉय (IKEA का Djungelskog प्लश) दिया, जो अब पंच की ‘मां’ बन चुका है। पंच इस टॉय को हर जगह साथ ले जाता है—खेलता है, गले लगाता है, और एक पल के लिए भी अलग नहीं करता। वीडियो में दिखता है कि वह टॉय को घसीटता हुआ घूमता है, उसे गले लगाकर सोता है और सुरक्षा की तलाश में चिपका रहता है। इस हार्टवार्मिंग कहानी ने दुनिया भर में लाखों दिल जीत लिए हैं।
सोशल मीडिया पर तहलका,
चिड़ियाघर में रिकॉर्ड भीड़पंच के वीडियो टिकटॉक, इंस्टाग्राम, X और अन्य प्लेटफॉर्म्स पर वायरल हो गए हैं। लाखों व्यूज, फैन आर्ट, ट्रेंड्स (#HangInTherePunch, #PunchKun) और यहां तक कि टॉय की सेल्स में उछाल आ गया—IKEA का यह प्लश कई जगह सोल्ड आउट हो गया। न्यूयॉर्क टाइम्स और अन्य मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पिछले हफ्ते वीकेंड पर चिड़ियाघर में 8,000 से ज्यादा लोग आए, जो सामान्य से दोगुना था। लोग खासकर पंच को देखने और उसकी तस्वीरें लेने आ रहे हैं।
भारत में भी गूगल सर्च में उछालभारत में भी पंच की कहानी ने खूब सुर्खियां बटोरीं।
गूगल ट्रेंड्स के अनुसार:
- सर्च 19 फरवरी से शुरू हुई और तेजी से बढ़ी।
- 21 फरवरी की शाम 4:30 बजे सर्च लेवल 90 तक पहुंच गया (0-100 स्केल पर पीक के करीब)। लोगों ने “पंच बंदर जिंदा है या नहीं”, “पंच मंकी वीडियो” और उसकी स्थिति के बारे में खूब सर्च किया।
अब पंच की जिंदगी में नया मोड़हाल के अपडेट्स में अच्छी खबर है—पंच धीरे-धीरे ग्रुप में घुलमिल रहा है। एक वयस्क बंदर उसका ‘बॉडीगार्ड’ बन गया है, दूसरे बंदर उसे गले लगा रहे हैं और ग्रूमिंग (साफ-सफाई) कर रहे हैं। टॉय अब भी साथ है, लेकिन पंच अब असली दोस्त बना रहा है।यह कहानी अकेलेपन, मां के प्यार की कमी और सहारे की ताकत को दर्शाती है। पंच अब दुनिया भर के लिए एक प्रतीक बन चुका है—कि प्यार और देखभाल से कोई भी मुश्किल पार की जा सकती है। चिड़ियाघर के कर्मचारी कहते हैं कि यह टॉय उसके विकास में मदद कर रहा है, और अब वह मजबूत हो रहा है।
पंच की इस प्यारी कहानी ने दिखाया कि एक छोटा सा बंदर भी कितने बड़े दिल जीत सकता है!