जौनपुर न्यूज़: शव सड़क पर रखकर किन्नरों ने किया चक्का जाम, सामूहिक दुष्कर्म के बाद हत्या का आरोप
जौनपुर, 21 अप्रैल 2025: उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में एक सनसनीखेज घटना ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है। स्थानीय किन्नर समुदाय ने एक किन्नर की कथित सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के बाद शव को सड़क पर रखकर जोरदार प्रदर्शन किया और चक्का जाम कर दिया। इस घटना ने न केवल स्थानीय प्रशासन को सकते में डाल दिया, बल्कि सामाजिक और कानूनी स्तर पर कई सवाल भी खड़े किए हैं। प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और न्याय की मांग की है।
घटना का विवरण
जानकारी के अनुसार, यह घटना जौनपुर के मछलीशहर थाना क्षेत्र के अंतर्गत हुई। मृतक किन्नर, जिसकी उम्र लगभग 30 वर्ष बताई जा रही है, का शव रविवार देर रात एक सुनसान इलाके में संदिग्ध परिस्थितियों में पाया गया। स्थानीय लोगों ने शव को देखकर तुरंत पुलिस को सूचना दी। प्रारंभिक जांच में शव पर चोट के निशान और यौन उत्पीड़न के संकेत मिले, जिसके बाद किन्नर समुदाय ने इसे सामूहिक दुष्कर्म और हत्या का मामला करार दिया।
किन्नर समुदाय के अनुसार, मृतक उनके समुदाय का एक सक्रिय सदस्य था और पिछले कुछ दिनों से उसे धमकियां मिल रही थीं। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि कुछ स्थानीय लोगों ने मिलकर पहले उसका सामूहिक दुष्कर्म किया और फिर उसकी हत्या कर शव को सुनसान जगह पर फेंक दिया। इस घटना के बाद किन्नर समुदाय में भारी आक्रोश फैल गया।
चक्का जाम और प्रदर्शन
सोमवार सुबह किन्नर समुदाय के दर्जनों सदस्यों ने मृतक का शव मछलीशहर-जौनपुर मार्ग पर रखकर सड़क जाम कर दी। प्रदर्शनकारियों ने स्थानीय प्रशासन और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की और आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग की। चक्का जाम के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा हुई।
एक प्रदर्शनकारी किन्नर, जिसने अपना नाम रानी बताया, ने कहा, “हमारी बहन के साथ इतना बड़ा अन्याय हुआ है। उसे पहले प्रताड़ित किया गया, फिर उसकी हत्या कर दी गई। हम तब तक शव को नहीं हटाएंगे, जब तक हमें न्याय का भरोसा नहीं मिलता।” प्रदर्शनकारियों ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस इस मामले में शुरुआत में ढिलाई बरत रही थी, जिसके कारण उन्हें सड़क पर उतरना पड़ा।

पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया
सूचना मिलते ही मछलीशहर पुलिस और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को समझाने की कोशिश की और आश्वासन दिया कि मामले की गहन जांच की जाएगी। जौनपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अजय पाल शर्मा ने बताया, “हमने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। प्रारंभिक जांच में यौन उत्पीड़न और हत्या की आशंका जताई जा रही है। हमने इस मामले में कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है और उनकी पूछताछ की जा रही है।”
पुलिस ने यह भी कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही सटीक कारणों का पता चल सकेगा। इसके अलावा, पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त किया कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कई घंटों की बातचीत के बाद प्रदर्शनकारी शव को पोस्टमॉर्टम के लिए देने को राजी हुए, जिसके बाद सड़क जाम समाप्त हुआ।
कानूनी और सामाजिक पहलू
यह घटना किन्नर समुदाय के प्रति समाज में व्याप्त भेदभाव और हिंसा को एक बार फिर उजागर करती है। किन्नर समुदाय लंबे समय से सामाजिक बहिष्कार, हिंसा और यौन उत्पीड़न का शिकार रहा है। इस घटना ने न केवल किन्नरों की सुरक्षा पर सवाल उठाए हैं, बल्कि पुलिस और प्रशासन की संवेदनशीलता को भी कटघरे में खड़ा किया है।
मानवाधिकार कार्यकर्ता और किन्नर समुदाय की नेता लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने कहा, “किन्नर समुदाय के लोग पहले ही समाज में हाशिए पर हैं। ऐसी घटनाएं हमें और असुरक्षित बनाती हैं। हम सरकार से मांग करते हैं कि किन्नरों के खिलाफ हिंसा को रोकने के लिए विशेष कानून बनाए जाएं और दोषियों को सख्त सजा दी जाए।”
जांच और आगे की कार्रवाई
पुलिस ने इस मामले में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 376 (बलात्कार), 302 (हत्या), और 34 (साझा इरादा) के तहत मामला दर्ज किया है। इसके अलावा, यौन उत्पीड़न के आरोपों की गंभीरता को देखते हुए पॉक्सो एक्ट की धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं, यदि जांच में कोई नया तथ्य सामने आता है।
पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल टावर डेटा के आधार पर कुछ संदिग्धों को चिह्नित किया है। एसपी ने बताया कि तीन विशेष जांच टीमें गठित की गई हैं, जो अलग-अलग दिशाओं में मामले की तह तक जाने की कोशिश कर रही हैं। स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की जा रही है ताकि घटना के पीछे की वजहों का पता लगाया जा सके।
जौनपुर में हाल की आपराधिक घटनाएं
यह घटना जौनपुर में हाल के महीनों में सामने आई कई गंभीर आपराधिक घटनाओं की कड़ी में शामिल हो गई है। मार्च 2025 में, जौनपुर में सपा बूथ अध्यक्ष राजेश यादव की धारदार हथियार से हत्या की घटना ने सुर्खियां बटोरी थीं। इसके अलावा, एक युवक का शव पेड़ से लटकता पाया गया था, जिसे हत्या का मामला माना गया था। इन घटनाओं ने जौनपुर में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सवाल उठाए हैं।