Railway Bonus 2026: रेलवे कर्मचारियों को 78 दिन का बोनस, खाते में आएंगे ₹17,951; सैलरी लिमिट बढ़ाने की भी मांग
त्योहारी सीजन में रेलवे कर्मचारियों के लिए बोनस से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। सरकार ने नॉन-गजेटेड रेलवे कर्मचारियों के लिए 78 दिन के प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस (PLB) को मंजूरी दी है। इस फैसले से देशभर के 11,40,770 रेलवे कर्मचारियों को फायदा मिलने की बात कही गई है। सरकार ने बोनस के भुगतान के लिए 2,009.61 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया है।
यह बोनस रेलवे के पात्र कर्मचारियों को उनके काम और प्रदर्शन के आधार पर दिया जाता है। इसमें ट्रैक मेंटेनर, लोको पायलट, ट्रेन मैनेजर, स्टेशन मास्टर, टेक्नीशियन, पॉइंट्समैन और अन्य पात्र नॉन-गजेटेड कर्मचारी शामिल हैं।
किसे मिलेगा बोनस और कितनी होगी रकम?
78 दिन के बोनस की गणना के लिए निर्धारित वेतन सीमा 7,000 रुपये होने के आधार पर पात्र कर्मचारी को अधिकतम 17,951 रुपये मिल सकते हैं। वास्तविक पात्रता और भुगतान संबंधित नियमों के अनुसार तय होगा।
इस बोनस का लाभ रेलवे के पात्र ग्रुप-C और अन्य नॉन-गजेटेड कर्मचारियों को दिया जाता है। बोनस की अधिकतम राशि की गणना निर्धारित वेतन सीमा और 78 दिनों के आधार पर की जाती है।
11 साल से वेतन सीमा बढ़ाने की मांग
रेलवे कर्मचारी संगठनों की एक प्रमुख मांग बोनस की गणना के लिए इस्तेमाल होने वाली न्यूनतम वेतन सीमा को बढ़ाना है। फिलहाल यह सीमा 7,000 रुपये बताई गई है, जो वर्ष 2014-15 से लागू है।
इंडियन रेलवे टेक्निकल सुपरवाइजर्स एसोसिएशन (IRTSA) समेत कई कर्मचारी संगठन इस सीमा को बढ़ाकर कम से कम 18,000 रुपये करने की मांग करते रहे हैं। यदि गणना की सीमा बढ़ाकर 18,000 रुपये कर दी जाती है, तो 78 दिन के बोनस की अधिकतम राशि लगभग 46,184 रुपये हो सकती है।
हालांकि, वेतन सीमा बढ़ाने की मांग को मंजूरी मिलने की पुष्टि अलग से जरूरी है। फिलहाल कर्मचारियों के लिए बोनस की गणना लागू नियमों के आधार पर ही होगी।
रेलवे के प्रदर्शन के आधार पर दिया जाता है बोनस
प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस का उद्देश्य रेलवे कर्मचारियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित करना है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, वित्त वर्ष 2025-26 में भारतीय रेलवे ने 1,670 मिलियन टन माल ढुलाई की और लगभग 7.41 अरब यात्रियों को सफर कराया।
रेलवे कर्मचारियों को दिया जाने वाला यह बोनस त्योहारी सीजन में अतिरिक्त आर्थिक सहायता प्रदान करता है। वहीं, बोनस की गणना के लिए वेतन सीमा बढ़ाने की मांग पर कर्मचारियों की नजर बनी हुई है।
