• January 2, 2026

Putin Royal Dinner Chef Secret: राष्ट्रपति भवन में पुतिन के लिए शाही दावत कौन बनाएगा, जानिए शेफ और उनकी सैलरी का राज।

Putin Royal Dinner Chef Secret: रूस (Russia) के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) के दो दिवसीय भारत (India) दौरे के लिए राजधानी नई दिल्ली (New Delhi) में ज़ोरदार तैयारियां चल रही हैं। इस दौरे का सबसे चर्चित हिस्सा राष्ट्रपति भवन (Rashtrapati Bhavan) में आयोजित होने वाली शाही दावत (State Banquet) होगी, जिस पर पूरी दुनिया की नज़रें टिकी हैं। यह दावत न केवल कूटनीतिक (Diplomatic) बल्कि पाक कला (Culinary Art) के लिहाज से भी अहम है। इसी बीच, लोगों के मन में यह सवाल उठ रहा है कि आखिर वह मास्टरमाइंड शेफ (Mastermind Chef) कौन हैं जो दुनिया के सबसे ताकतवर नेताओं में शुमार पुतिन (Vladimir Putin) के लिए व्यंजन तैयार करेंगे, और उन्हें कितनी सैलरी (Salary) मिलती है। इसके अलावा, एक बड़ा सवाल यह भी है कि सुरक्षा कारणों से क्या पुतिन (Vladimir Putin) वाकई भारतीय शेफ के हाथ का खाना खाएंगे या नहीं? तो चलिए जानते हैं इन सभी दिलचस्प सवालों के जवाब…

राष्ट्रपति भवन की शाही दावत की ऐतिहासिक परंपरा

राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) के स्वागत में राष्ट्रपति भवन (Rashtrapati Bhavan) में आयोजित होने वाला स्टेट बैनक्वेट (State Banquet) एक सदियों पुरानी राजसी परंपरा का हिस्सा है। भारत आने वाले हर बड़े विदेशी राष्ट्राध्यक्ष (Foreign Head of State) के लिए यहां भव्य आतिथ्य किया जाता है। इस दावत का मेन्यू (Menu) भारतीय व्यंजनों (Indian Cuisine) की समृद्ध विविधता को प्रदर्शित करता है, साथ ही वैश्विक स्वाद (Global Taste) को ध्यान में रखते हुए इंटरनेशनल डिशेज (International Dishes) भी परोसी जाती हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू (President Droupadi Murmu) की मेजबानी में होने वाला यह भोज केवल भोजन नहीं होता, बल्कि कूटनीतिक लिहाज से यह भारत की सांस्कृतिक विरासत (Cultural Heritage), खानपान की परंपरा और अतिथि सत्कार (Atithi Salkar) की ताकत का एक रणनीतिक संदेश (Strategic Message) भी होता है।

कौन हैं राष्ट्रपति भवन की रसोई के प्रमुख, शेफ मुकेश कुमार?

राष्ट्रपति भवन (Rashtrapati Bhavan) की प्रतिष्ठित शाही रसोई (Royal Kitchen) की कमान वर्तमान में एग्जीक्यूटिव शेफ (Executive Chef) मुकेश कुमार (Mukesh Kumar) के हाथों में है। वह जुलाई 2020 से इस जिम्मेदारी को संभाल रहे हैं और तब से अब तक उन्होंने दर्जनों हाई-प्रोफाइल दावतों का सफलतापूर्वक संचालन किया है। शेफ मुकेश कुमार (Mukesh Kumar) को न केवल भारतीय पारंपरिक स्वाद (Traditional Indian Taste) में महारत हासिल है, बल्कि कॉन्टिनेंटल (Continental), एशियन (Asian) और अन्य इंटरनेशनल कुज़ीन (International Cuisine) पर भी उनकी मज़बूत पकड़ मानी जाती है। वह हर सरकारी दावत के लिए गहन रिसर्च के बाद मेन्यू तैयार करते हैं, ताकि मेहमान देश की संस्कृति के साथ-साथ स्वाद का भी बेजोड़ अनुभव ले सकें। राष्ट्रपति भवन की किचन से निकलने वाली हर डिश में परफेक्शन (Perfection) और सुरक्षा (Security) का विशेष ध्यान रखा जाता है, जो इस पद को बेहद प्रतिष्ठित बनाता है।

कितनी सैलरी लेते हैं एग्जीक्यूटिव शेफ मुकेश कुमार?

राष्ट्रपति भवन (Rashtrapati Bhavan) में एग्जीक्यूटिव शेफ (Executive Chef) का पद सिर्फ सम्मान का नहीं, बल्कि एक महत्वपूर्ण संवैधानिक जिम्मेदारी भी है। आधिकारिक वेतन ढांचे (Official Salary Structure) के अनुसार, शेफ मुकेश कुमार (Mukesh Kumar) को पे-लेवल 11 (Pay-Level 11) के तहत वेतन दिया जाता है। हालांकि सरकार की ओर से उनकी सटीक मासिक सैलरी सार्वजनिक (Publicly Disclosed) नहीं की जाती है, लेकिन उपलब्ध जानकारियों के आधार पर उनकी वार्षिक आय (Annual Income) लगभग 9 लाख रुपये से 11 लाख रुपये के बीच बताई जाती है। यह वेतन उनके लंबे अनुभव (Experience), सेवा अवधि और वार्षिक इंक्रीमेंट (Annual Increment) पर निर्भर करता है। देश के सबसे बड़े संवैधानिक भवन की किचन संभालना एक बड़ी जिम्मेदारी है, जिसके कारण इस पद पर केवल बेहद अनुभवी और भरोसेमंद शेफ को ही नियुक्त किया जाता है।

सुरक्षा कारणों से पुतिन भारतीय शेफ का खाना नहीं खाएंगे

भले ही राष्ट्रपति भवन (Rashtrapati Bhavan) में शाही दावत की भव्य तैयारी हो रही हो, लेकिन सुरक्षा और प्रोटोकॉल (Security and Protocol) कारणों से यह लगभग तय है कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) भारतीय शेफ (Indian Chef) के हाथ का खाना नहीं खाएंगे। उनकी सुरक्षा एजेंसी एफएसओ (FSO – Federal Protective Service) विदेशी यात्राओं में खाने को लेकर अत्यधिक सतर्क रहती है। वर्ष 2001 से पुतिन के हर विदेशी दौरे में एक पोर्टेबल फूड लैबोरेट्री (Portable Food Laboratory) उनके साथ जाती है, जहाँ परोसी जाने वाली हर डिश का गहन केमिकल टेस्ट (Chemical Test) किया जाता है। इससे पहले 2014 में मुंबई (Mumbai) के ताज होटल (Taj Hotel) में भी पुतिन के लिए यही व्यवस्था की गई थी।

पुतिन की यात्रा का मुख्य कार्यक्रम इस प्रकार है:

  • 5 दिसंबर: सुबह 11 बजे राष्ट्रपति भवन में औपचारिक स्वागत।

  • 5 दिसंबर: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू (President Droupadi Murmu) से मुलाकात।

  • 5 दिसंबर: राजघाट (Rajghat) पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि।

  • 5 दिसंबर: हैदराबाद हाउस (Hyderabad House) में 23वां भारत-रूस शिखर सम्मेलन।

Digiqole Ad

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *