कर्नाटक में CM पद पर सियासी सरगर्मी तेज: 80 विधायकों ने DK शिवकुमार को CM बनाने की मांग की, दिल्ली दौरे से अटकलें और बढ़ीं
बेंगलुरु, 10 फरवरी 2026: कर्नाटक में मुख्यमंत्री की कुर्सी को लेकर कांग्रेस पार्टी में बयानबाजी और खींचतान तेज हो गई है। कांग्रेस विधायक इकबाल हुसैन ने दावा किया है कि कम से कम 80 विधायकों ने पार्टी हाईकमान को डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री बनाने की सिफारिश की है। इसी बीच, डीके शिवकुमार दो दिवसीय दिल्ली दौरे पर रवाना हो चुके हैं, जहां उनका शीर्ष नेताओं से मिलने का कार्यक्रम है। इस दौरे ने राज्य में नेतृत्व परिवर्तन की अटकलों को और हवा दे दी है।
डीके शिवकुमार ने नहीं खोले पत्ते
नई दिल्ली जाने से पहले डीके शिवकुमार ने मीडिया से बातचीत में कुछ भी स्पष्ट नहीं कहा। उन्होंने सिर्फ इतना बताया कि वह डिप्टी सीएम होने के साथ-साथ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भी हैं, इसलिए हाईकमान से मिलना उनके लिए सामान्य है। हालांकि, उनके इस दौरे से सिद्धारमैया गुट में हलचल मच गई है, और राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि क्या यह यात्रा सीएम पद की दौड़ से जुड़ी है।
नई दिल्ली जाने से पहले डीके शिवकुमार ने मीडिया से बातचीत में कुछ भी स्पष्ट नहीं कहा। उन्होंने सिर्फ इतना बताया कि वह डिप्टी सीएम होने के साथ-साथ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भी हैं, इसलिए हाईकमान से मिलना उनके लिए सामान्य है। हालांकि, उनके इस दौरे से सिद्धारमैया गुट में हलचल मच गई है, और राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि क्या यह यात्रा सीएम पद की दौड़ से जुड़ी है।
80-90 विधायकों का समर्थन: इकबाल हुसैन
कांग्रेस विधायक इकबाल हुसैन ने डीके शिवकुमार को सीएम बनाने की वकालत करते हुए कहा, “हमने यह फैसला हाईकमान पर छोड़ दिया है। 80-90 विधायकों ने अनुरोध किया है कि डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री पद का मौका दिया जाए। हम एक अनुशासित पार्टी हैं, इसलिए शालीनता से व्यवहार करना जरूरी है।” हुसैन ने आगे कहा कि सभी विधायकों की इच्छा यही है कि शिवकुमार को इसी कार्यकाल में मौका मिले, लेकिन बयानबाजी से भ्रम नहीं फैलाना चाहिए।यतींद्र सिद्धारमैया के बयान पर निशाना
हुसैन ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र सिद्धारमैया के बयानों पर भी तंज कसा। उन्होंने कहा, “हमें यह पसंद नहीं कि यतींद्र बार-बार अपने पिता के पक्ष में बोलकर हाईकमान को असहज कर रहे हैं। हर पिता अपने बेटे से प्यार करता है, लेकिन राजनीति में अनुशासन जरूरी है। ऐसे बयानों से दूसरों को उकसाना ठीक नहीं।” पिछले हफ्ते यतींद्र ने दावा किया था कि हाईकमान ने सिद्धारमैया को पूरे पांच साल के लिए सीएम बने रहने की मंजूरी दे दी है।
कांग्रेस विधायक इकबाल हुसैन ने डीके शिवकुमार को सीएम बनाने की वकालत करते हुए कहा, “हमने यह फैसला हाईकमान पर छोड़ दिया है। 80-90 विधायकों ने अनुरोध किया है कि डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री पद का मौका दिया जाए। हम एक अनुशासित पार्टी हैं, इसलिए शालीनता से व्यवहार करना जरूरी है।” हुसैन ने आगे कहा कि सभी विधायकों की इच्छा यही है कि शिवकुमार को इसी कार्यकाल में मौका मिले, लेकिन बयानबाजी से भ्रम नहीं फैलाना चाहिए।यतींद्र सिद्धारमैया के बयान पर निशाना
हुसैन ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र सिद्धारमैया के बयानों पर भी तंज कसा। उन्होंने कहा, “हमें यह पसंद नहीं कि यतींद्र बार-बार अपने पिता के पक्ष में बोलकर हाईकमान को असहज कर रहे हैं। हर पिता अपने बेटे से प्यार करता है, लेकिन राजनीति में अनुशासन जरूरी है। ऐसे बयानों से दूसरों को उकसाना ठीक नहीं।” पिछले हफ्ते यतींद्र ने दावा किया था कि हाईकमान ने सिद्धारमैया को पूरे पांच साल के लिए सीएम बने रहने की मंजूरी दे दी है।
अन्य विधायकों का भी समर्थन
कांग्रेस एमएलसी चन्नाराज हट्टीहोली ने भी डीके शिवकुमार के पक्ष में आवाज बुलंद की। उन्होंने कहा, “मेरी इच्छा है कि डीके शिवकुमार इसी कार्यकाल में जल्द मुख्यमंत्री बनें।” यतींद्र के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवकुमार ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा, “मैं उनकी हर बात का सम्मान करता हूं। चूंकि उन्होंने ऐसे बोला जैसे वे हाईकमान के प्रमुख हों, तो हम उन्हें उसी रूप में स्वीकार करें।”नवंबर 2025 से जारी है खींचतान
कर्नाटक कांग्रेस में सीएम पद को लेकर विवाद नवंबर 2025 से शुरू हुआ, जब सरकार ने अपने पांच साल के कार्यकाल का आधा समय पूरा कर लिया। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार और गृह मंत्री जी. परमेश्वर इस पद की दौड़ में शामिल माने जा रहे हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, विधायकों के बीच गुटबाजी बढ़ रही है, लेकिन हाईकमान का फैसला अंतिम होगा।
कांग्रेस एमएलसी चन्नाराज हट्टीहोली ने भी डीके शिवकुमार के पक्ष में आवाज बुलंद की। उन्होंने कहा, “मेरी इच्छा है कि डीके शिवकुमार इसी कार्यकाल में जल्द मुख्यमंत्री बनें।” यतींद्र के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवकुमार ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा, “मैं उनकी हर बात का सम्मान करता हूं। चूंकि उन्होंने ऐसे बोला जैसे वे हाईकमान के प्रमुख हों, तो हम उन्हें उसी रूप में स्वीकार करें।”नवंबर 2025 से जारी है खींचतान
कर्नाटक कांग्रेस में सीएम पद को लेकर विवाद नवंबर 2025 से शुरू हुआ, जब सरकार ने अपने पांच साल के कार्यकाल का आधा समय पूरा कर लिया। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार और गृह मंत्री जी. परमेश्वर इस पद की दौड़ में शामिल माने जा रहे हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, विधायकों के बीच गुटबाजी बढ़ रही है, लेकिन हाईकमान का फैसला अंतिम होगा।
यह विवाद कर्नाटक की राजनीति को नई दिशा दे सकता है। कांग्रेस हाईकमान की ओर से अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन डीके शिवकुमार के दिल्ली दौरे पर सबकी नजरें टिकी हैं।।