सीएम योगी का दौरा आज: मीरिया रेहड़ा में दुग्ध अवशीतन केंद्र का लोकार्पण, कड़ी सुरक्षा व्यवस्था
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath सोमवार को करीब डेढ़ घंटे के दौरे पर जिले में रहेंगे। इस दौरान वे दोपहर बाद लगभग 3 बजे सगड़ी तहसील के ग्राम मीरिया रेहड़ा में स्थापित दुग्ध अवशीतन केंद्र का लोकार्पण करेंगे और एक जनसभा को संबोधित भी करेंगे।
इस दौरे को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। रविवार को पुलिस लाइंस सभागार में जिलाधिकारी रविंद्र कुमार और पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने सुरक्षा में तैनात अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को विस्तृत ब्रीफिंग दी। इसके बाद अधिकारियों ने कार्यक्रम स्थल और आसपास के क्षेत्रों का निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया।
जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री उद्योग नीति के तहत स्थापित इस दुग्ध अवशीतन केंद्र का उद्घाटन करेंगे। कार्यक्रम की कुल अवधि लगभग डेढ़ घंटे निर्धारित की गई है।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए जिले में सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाया गया है। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिले को सुरक्षा के लिहाज से 7 सुपर जोन, 20 जोन और 50 सेक्टर में विभाजित किया गया है। प्रत्येक स्तर पर वरिष्ठ अधिकारियों की तैनाती की गई है। सुरक्षा व्यवस्था के तहत दो कंपनियां पीएसी (PAC) और 4000 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं।
इसके अलावा वीआईपी सुरक्षा, रूट डायवर्जन और यातायात प्रबंधन को लेकर भी विशेष प्लान तैयार किया गया है, ताकि कार्यक्रम के दौरान आम लोगों को कम से कम असुविधा हो।
व्यवस्थाओं पर विशेष जोर
प्रशासन ने कार्यक्रम स्थल, आवागमन मार्ग, पार्किंग, बैरिकेडिंग और साफ-सफाई की सभी तैयारियां समय से पूरी करने के निर्देश दिए हैं। विभागों के बीच समन्वय बनाए रखने और व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी पर भी जोर दिया गया है।
दुग्ध अवशीतन केंद्र से मिलेगा बड़ा लाभ
उप दुग्धशाला विकास अधिकारी अतुल कुमार सिंह के अनुसार, मीरिया रेहड़ा गांव में स्थापित इस दुग्ध अवशीतन केंद्र की क्षमता 40,000 लीटर प्रतिदिन है। यह केंद्र श्री शेषनाथ सिंह दूध एवं बर्फ फैक्ट्री/श्री बाबा गोरखनाथ कृपा दूध उत्पादक कंपनी लिमिटेड द्वारा स्थापित किया गया है।
इस केंद्र से 165 गांव जुड़े हुए हैं और इसमें 3833 महिला दुग्ध उत्पादक सदस्य शामिल हैं। वर्तमान में लगभग 25,000 लीटर दूध प्रतिदिन संग्रहित कर केंद्र तक पहुंचाया जा रहा है।
केंद्र के संचालन के लिए 18 दुग्ध संग्रहण मार्ग बनाए गए हैं, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के दुग्ध उत्पादकों को सीधा लाभ मिलेगा और दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा। मुख्यमंत्री का यह दौरा न केवल विकास परियोजनाओं को गति देगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था, खासकर महिला दुग्ध उत्पादकों के सशक्तिकरण में भी अहम भूमिका निभाने वाला माना जा रहा है।