ataltv.com

Hindi News, Breaking Hindi News, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest News in Hindi, ताजा हिंदी ख़बरें

अनदेखी की भेंट चढ़ा 50 लाख से बना मिनी स्टेडियम

धमतरी, 10 जुलाई । ग्राम
पंचायत भटगांव में 50 लाख की लागत से बना मिनी स्टेडियम अनदेखी की भेंट
चढ़ गया है। देखरेख के अभाव में यह बद से बदतर स्थिति में पहुंच चुका है।
वर्तमान में इसे देखने पर यह किसी सब्जी बाड़ी
का स्थान नजर आता है। खरपतवार के उग के जाने और साफ- सफाई के अभाव में
स्थिति बदहाल को चली है। ग्रामीणों ने मिनी स्टेडियम की साफ-सफाई और
अतिक्रमण को हटाने की मांग की है, ताकि खिलाड़ियों को खेलने का बेहतर अवसर मिल सके।
ग्राम पंचायत भटगांव में सन 20 जून 2019 में मिनी स्टेडियम का लोकार्पण हुआ। 50 लाख की लागत से बने इस खेल मैदान में शौचालय भवन, वाशरूम सहित कमरे बनाए गए, सुविधा भी दी गई, लेकिन स्थानीय प्राशासन
द्वारा देखरेख नहीं होने के कारण धीरे-धीरे सामान चोरी हो गए। वर्तमान में
हालात यह है कि लोगों ने प्रवेश द्वार के सामने ही अतिक्रमण कर झोपड़ी
तान दिया है, जिसके चलते इस मैदान में प्रवेश करना भी दुष्कर हो चला है।
कटीले तार, खरपतवारों से यह मैदान पट गया है। गांव के पूर्व सरपंच मोहित
देवांगन ने कहा कि लंबे समय से मैदान में गतिविधि शून्य है। वर्तमान में
मैदान में कचरा पट गया है। ग्राम पंचायत को इसकी सफाई करवानी चाहिए। खेल
प्रतिभाओं को मंच देने के लिए बनाए गए खेल मैदान का उपयोग नहीं हो रहा है।
इसकी साफ-सफाई करके मैदान को खोला जाना चाहिए ताकि ग्रामीण प्रतिभाओं को
मंच मिल सके। दीपक साहू ने कहा कि स्थानीय प्रशासन के ढुलमुल रवैए के कारण
आज मैदान की स्थिति बद से बदतर हो चली है। अतिक्रमणकारियों
के हौसले बुलंद हैं। प्रवेश द्वार के सामने ही तंबू तान दिया गया है, जिसे
हटाना आवश्यक है। भुनेश्वर साहू व गंभीर देवांगन का कहना है कि शासकीय भवनाें
के निर्माण के बाद देखरेख नहीं होने के कारण स्थिति खराब हो गई है। यहां
लगाए गए लाइट, पंखे सब चोरी हो चुके हैं। वर्तमान में यहां खरपतवार का
अंबार लग गया है।
ग्राम पंचायत भटगांव के सरपंच बोधन ध्रुव ने कहा कि मैदान
की देखरेख के लिए शासन से किसी तरह का निर्देश नहीं मिला है। अतिक्रमण को
हटाया जाएगा। ग्राम पंचायत भटगांव के मिनी स्टेडियम में भटगांव के अलावा
सोरम, बेंद्रानवागांव, नवागांव सहित अन्य गांव से खिलाड़ी खेलने के लिए पहुंचते थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *