चार जुलाई से शुरू होगा सावन मास, अधिकमास के चलते इस बार होंगे आठ सोमवार
श्री हरि ज्योतिष संस्थान निकट माता मंदिर लाइनपार मुरादाबाद के संचालक एवं ज्योतिषाचार्य पंडित सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि इस बार पवित्र श्रावण मास की शुरुआत चार जुलाई से होगाी और 31 अगस्त को सावन माह का समापन होगा। अधिकमास होने के कारण इस बार सावन मास 30 दिनों के स्थान पर 59 दिनों का होगा और देवों के देव महादेव की भक्ति उपासना के लिए चार नहीं बल्कि आठ सोमवार मिलेंगे।
पंडित शर्मा ने बताया कि शास्त्रों, पुराणों और वेदों के अनुसार सावन का महीना बाबा भोलेनाथ को समर्पित है। पवित्र श्रावण मास के दौरान भगवान शिव की पूजा आराधना कर उनसे आशीर्वाद लेने का सबसे अच्छा समय माना जाता है। इस बार श्रावण मास बेहद खास माना जा रहा है, क्योंकि इस बार सावन का महीना 30 नहीं बल्कि 59 दिनों का रहेगा। महादेव के भक्तों को इस बार उनकी उपासना के लिए चार नहीं बल्कि आठ सोमवार मिलेंगे। ऐसा इसलिए हो रहा हैं क्योंकि हिंदू पंचांग विक्रम संवत 2080 के अनुसार इस साल अधिक मास पड़ रहा है जिसमें पूरे 13 महीने होंगे। उन्होंने बताया कि 19 साल बाद ऐसा संयोग बन रहा हैं।
वैदिक पंचांग के अनुसार सौर मास और चंद्र मास के आधार पर साल 354 दिनों का होता है जबकि सौर मास 365 दिन का होता है। ऐसे में दोनों में कुल 11 दिनों का अंतर आता है और हर 3 साल बाद यह अंतर 33 दिनों का हो जाता है, जिसे अधिक मास के नाम से जाना जाता है। इसी वजह से श्रावण दो महीने का रहेगा। पंडित शर्मा ने बताया कि इस बार सावन के महीने में मणिकांचन योग बन रहा है जो बेहद दुर्लभ है। इस बार मलमास में ही रक्षाबंधन का त्यौहार भी मनाया जाएगा।
सावन मास के सोमवार-
पहला सोमवार 10 जुलाई,
दूसरा सोमवार 17 जुलाई,
तीसरा सोमवार 24 जुलाई,
चतुर्थ सोमवार 31 जुलाई,
पांचवा सोमवार 7 अगस्त,
छठा सोमवार 14 अगस्त,
सातवां सोमवार 21 अगस्त,
आठवां सोमवार 28 अगस्त




