बागलकोट में शिवाजी जयंती जुलूस पर पथराव, मस्जिद के पास ठेलों में आग: सांप्रदायिक तनाव भड़का, धारा 163 लागू, पुलिस ने स्थिति संभाली
बागलकोट (कर्नाटक), 20 फरवरी 2026: छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती के अवसर पर गुरुवार देर शाम निकाले गए बड़े जुलूस के दौरान पंका मस्जिद के पास पथराव और दो समुदायों के बीच झड़प से शहर में तनाव का माहौल बन गया। पथराव के बाद कुछ हिंदू कार्यकर्ताओं ने मस्जिद के सामने खड़े सब्जी ठेलों में आग लगा दी, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज कर भीड़ को काबू में किया और जुलूस को आगे बढ़ाया।
घटना का क्रम
मराठा समुदाय द्वारा निकाला गया जुलूस किले स्थित अंबाभवानी मंदिर से शुरू हुआ। यह मुख्य सड़क, बसवेश्वर सर्कल और वल्लभभाई चौक होते हुए किले की ओर जा रहा था। जब जुलूस पंका मस्जिद के सामने पहुंचा तो DJ की आवाज तेज कर दी गई और वहां रुककर नारेबाजी व नाच-गाना शुरू हो गया। मस्जिद में मौजूद लोगों ने इसका विरोध जताया। पुलिस ने मस्जिद के अंदर जाकर मुस्लिम युवकों को शांत रहने के लिए समझाने की कोशिश की, लेकिन इसी बीच किसी अज्ञात व्यक्ति ने जुलूस की ओर चप्पल फेंकी। इसके जवाब में मस्जिद की ओर से जुलूस पर पत्थरबाजी शुरू हो गई। इस दौरान जिले के एसपी सिद्धार्थ गोयल सहित कई लोग घायल हुए। दोनों समुदायों के बीच भिड़ंत हो गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
मराठा समुदाय द्वारा निकाला गया जुलूस किले स्थित अंबाभवानी मंदिर से शुरू हुआ। यह मुख्य सड़क, बसवेश्वर सर्कल और वल्लभभाई चौक होते हुए किले की ओर जा रहा था। जब जुलूस पंका मस्जिद के सामने पहुंचा तो DJ की आवाज तेज कर दी गई और वहां रुककर नारेबाजी व नाच-गाना शुरू हो गया। मस्जिद में मौजूद लोगों ने इसका विरोध जताया। पुलिस ने मस्जिद के अंदर जाकर मुस्लिम युवकों को शांत रहने के लिए समझाने की कोशिश की, लेकिन इसी बीच किसी अज्ञात व्यक्ति ने जुलूस की ओर चप्पल फेंकी। इसके जवाब में मस्जिद की ओर से जुलूस पर पत्थरबाजी शुरू हो गई। इस दौरान जिले के एसपी सिद्धार्थ गोयल सहित कई लोग घायल हुए। दोनों समुदायों के बीच भिड़ंत हो गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
पुलिस कार्रवाई और आगजनी
पुलिस ने तुरंत हल्का बल प्रयोग कर स्थिति संभाली और जुलूस को निर्धारित रूट पर आगे बढ़ाया। हालांकि, कुछ देर बाद गुस्साई भीड़ ने मस्जिद के बाहर खड़े तीन सब्जी ठेलों में आग लगा दी। फायर ब्रिगेड ने आग पर काबू पाया। हिंदुत्व संगठनों के नेताओं ने जुलूस पर पथराव करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। दूसरी ओर, स्थानीय मुस्लिम समुदाय ने भी जुलूस के दौरान उकसावे और अपमानजनक व्यवहार का आरोप लगाया है।
पुलिस ने तुरंत हल्का बल प्रयोग कर स्थिति संभाली और जुलूस को निर्धारित रूट पर आगे बढ़ाया। हालांकि, कुछ देर बाद गुस्साई भीड़ ने मस्जिद के बाहर खड़े तीन सब्जी ठेलों में आग लगा दी। फायर ब्रिगेड ने आग पर काबू पाया। हिंदुत्व संगठनों के नेताओं ने जुलूस पर पथराव करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। दूसरी ओर, स्थानीय मुस्लिम समुदाय ने भी जुलूस के दौरान उकसावे और अपमानजनक व्यवहार का आरोप लगाया है।
वर्तमान स्थिति
तनाव को देखते हुए बागलकोट के संवेदनशील इलाकों—पुराना शहर, नवानगर, विद्यागिरी और आसपास के क्षेत्रों में धारा 163 BNSS (पूर्व में धारा 144 CrPC) लागू कर दी गई है। चार या अधिक लोगों के एकत्र होने, हथियार ले जाने और जुलूस-प्रदर्शन पर पूर्ण प्रतिबंध है। जिला पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ गोयल ने कहा, “दोषियों को सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर चिन्हित किया जा रहा है। सभी जिम्मेदार तत्वों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।”प्रशासन ने दोनों समुदायों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। शहर में भारी पुलिस बल तैनात है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
तनाव को देखते हुए बागलकोट के संवेदनशील इलाकों—पुराना शहर, नवानगर, विद्यागिरी और आसपास के क्षेत्रों में धारा 163 BNSS (पूर्व में धारा 144 CrPC) लागू कर दी गई है। चार या अधिक लोगों के एकत्र होने, हथियार ले जाने और जुलूस-प्रदर्शन पर पूर्ण प्रतिबंध है। जिला पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ गोयल ने कहा, “दोषियों को सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर चिन्हित किया जा रहा है। सभी जिम्मेदार तत्वों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।”प्रशासन ने दोनों समुदायों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। शहर में भारी पुलिस बल तैनात है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।