टंकेश्वर में फारबिसगंज कांवरिया सेवा शिविर का सांसद ने फीता काटकर किया शुभारंभ
सावन माह की शुरुआत हो गई है। इसी के साथ बाबा भोलेनाथ के भक्त कांवरिया बनकर देवघर में द्वादश ज्योतिर्लिंगों में से एक रावणेश्वर शिवलिंग पर जलाभिषेक करने के लिए सुल्तानगंज से गंगा जल उठाकर कांवरिया के रूप में एक सौ पांच किलोमीटर की दूरी तय करने निकल पड़े हैं।
कांवरिया पथ के टंकेश्वर में फारबिसगंज कांवरिया सेवा शिविर 2003 से ही कांवरियों को मुफ्त सेवा करती आ रही है।इस साल सावन माह की अवधि दुगुनी है और इसको लेकर फारबिसगंज कांवरिया सेवा शिविर के कार्यकर्ता शिव भक्तों के सेवा को लेकर उत्साहित है।सावन माह के शुरू होने से पहले सोमवार की रात टंकेश्वर में फारबिसगंज कांवरिया सेवा शिविर का शुभारंभ अररिया एमपी प्रदीप कुमार सिंह ने फीता काटकर किया।
मौके पर फारबिसगंज नगर परिषद के मुख्य पार्षद वीणा देवी, उप मुख्य पार्षद प्रतिनिधि बुलबुल यादव,भाजयुमो के जिलाध्यक्ष आकाश राज,भाजपा नेता समरनाथ सिंह,जिला पार्षद अमन राज,फारबिसगंज कांवरिया सेवा शिविर के ओमप्रकाश केशरी,सचिव अशोक अग्रवाल,हेमंत शिखवाल,श्रीलाल झा आदि मौजूद थे।
अररिया सांसद प्रदीप कुमार सिंह ने कहा कि सावन महीना शिव भक्तों का महीना होता है और शिव भक्त भगवान भोलेनाथ को कल्याणार्थ जलाभिषेक करते हैं और ऐसे जलाभिषेक करने वाले शिव भक्तों की निःस्वार्थ सेवा सबसे बड़ी मानव सेवा है,जिसे 2003 से ही फारबिसगंज कांवरिया सेवा शिविर अनवरत करती आ रही है।सावन महीना ऊंच नीच,फारवर्ड बैकवर्ड सभी भेदों को मिटाकर सामाजिक समरसता का मिठास घोलती है।केशरिया रंग के वेशभूषा में जाति,क्षेत्रवाद से परे सामाजिक एकरूपता का अनूठा मिसाल पेश करती है।
उल्लेखनीय है कि फारबिसगंज कांवरिया सेवा शिविर 2003 से ही कटोरिया के टंकेश्वर पहाड़ी पर शिविर लगाकर शिव भक्तों को गर्म पानी,चाय,नींबू पानी,भोजन,चिकित्सीय सहायता मुफ्त उपलब्ध कराती है।साढ़े तीन सौ किलोमीटर से अधिक की दूरी तय कर लगाए जाने वाले शिविर में कांवरियों के सेवा में शिविर के सैकड़ों कार्यकर्ता अनवरत लगे रहत




