दिल्ली में CJP के प्रदर्शन से पहले हाई अलर्ट, 37 जगह बैरिकेडिंग और 15 जिलों में डिटेंशन सेंटर; पुलिस ने जारी की अपील
नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शनिवार, 10 अक्टूबर को दिल्ली में प्रदर्शन का ऐलान किया है। यह प्रदर्शन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर किया जाना प्रस्तावित है। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया है। जुलाई में CJP के पिछले प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित होने और बैरिकेडिंग तोड़े जाने की घटनाओं के बाद पुलिस इस बार अतिरिक्त सतर्कता बरत रही है।
37 जगहों पर बैरिकेडिंग, सभी 15 जिलों में डिटेंशन सेंटर
प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने राजधानी में सुरक्षा का व्यापक इंतजाम किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, नई दिल्ली जिले में 37 स्थानों पर बैरिकेडिंग और नाकेबंदी की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा दिल्ली के सभी 15 पुलिस जिलों में एक-एक डिटेंशन सेंटर तैयार किया गया है, ताकि जरूरत पड़ने पर प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित किया जा सके।
संसद मार्ग, जंतर-मंतर और चुनाव आयोग के कार्यालय की ओर जाने वाले रास्तों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। चिल्ला, गाजीपुर, अप्सरा और सिंघु बॉर्डर समेत दिल्ली में प्रवेश के प्रमुख मार्गों पर भी सुरक्षा बढ़ाई गई है। पुलिस का उद्देश्य प्रदर्शनकारियों को प्रतिबंधित क्षेत्रों में पहुंचने से रोकना और कानून-व्यवस्था बनाए रखना है।
बॉडी कैमरों से रिकॉर्ड होगी पुलिस की कार्रवाई
सुरक्षा व्यवस्था के तहत पुलिसकर्मियों को बॉडी कैमरे दिए गए हैं, ताकि मौके पर होने वाली गतिविधियों और कार्रवाई की रिकॉर्डिंग की जा सके। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल और क्राइम ब्रांच भी प्रदर्शन से जुड़ी गतिविधियों पर नजर रख रही हैं।
भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की योजना है। इसके साथ ही होटल, हॉस्टल, रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और एयरपोर्ट पर निगरानी बढ़ाई गई है। पुलिस स्थानीय बाजार संगठनों, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशनों (RWA) और अन्य संस्थाओं के संपर्क में भी है।
दिल्ली के बॉर्डर पर बढ़ाई गई निगरानी
प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली आने वाले लोगों को रोकने के लिए राजधानी के प्रवेश मार्गों पर जांच तेज की गई है। चिल्ला बॉर्डर समेत कुछ प्रमुख स्थानों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। पुलिस संदिग्ध वाहनों और लोगों की जांच कर रही है।
इसके अलावा, प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो के 57 स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वारों पर प्रतिबंध लगाए जाने की सूचना है। कुछ ट्रेनों के परिचालन पर भी असर पड़ने की खबरें सामने आई हैं। ऐसे में यात्रियों को घर से निकलने से पहले मेट्रो और रेलवे की आधिकारिक सूचना देखने की सलाह दी गई है।
दिल्ली पुलिस का लोगों के नाम ओपन लेटर
प्रदर्शन से पहले दिल्ली पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने और कानून का पालन करने की अपील की है। पुलिस ने अपने संदेश में सुरक्षाकर्मियों के मानवीय पक्ष को सामने रखते हुए कहा कि वर्दी के पीछे भी एक इंसान होता है, जिसका परिवार और अपने लोग होते हैं।
पुलिस की अपील के प्रमुख बिंदु इस प्रकार हैं:
- प्रदर्शन के दौरान हिंसा से बचें और शांति बनाए रखें।
- लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करें, लेकिन कानून-व्यवस्था का उल्लंघन न करें।
- पुलिसकर्मियों के साथ मर्यादित व्यवहार करें।
- सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान न पहुंचाएं।
- किसी भी अफवाह पर भरोसा करने से पहले तथ्यों की पुष्टि करें।
पुलिस ने अपने संदेश में यह भी कहा कि वर्दी का अंतर होने के बावजूद इंसानियत समान है। हालिया प्रदर्शनों के दौरान पुलिसकर्मियों के साथ कथित मारपीट और उनके घायल होने की घटनाओं को देखते हुए इस अपील को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
CJP की क्या है मांग?
कॉकरोच जनता पार्टी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और SIR प्रक्रिया को लेकर अपनी आपत्तियां उठाते हुए 10 अक्टूबर को दिल्ली में प्रदर्शन का ऐलान किया है। संगठन का आरोप है कि मतदाता सूची में बदलाव को लेकर गंभीर सवाल हैं। हालांकि, चुनाव आयोग ने अपनी प्रक्रिया का बचाव किया है और विवाद से जुड़े आरोपों पर विपक्ष तथा अन्य समूहों के साथ मतभेद बने हुए हैं।
दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी है और लोगों से किसी भी अनधिकृत जमावड़े में शामिल होने से बचने की अपील की है। ऐसे में शनिवार को राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था और आवाजाही पर विशेष नजर रहेगी।
