महाराष्ट्र विधानसभा सत्र के दौरान फर्जी एंट्री पास बनाए जाने के गंभीर मामले का खुलासा हुआ है। मरीन ड्राइव पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में मंत्रालय से जुड़े कुछ कर्मचारी भी शामिल बताए जा रहे हैं, जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं।
शिकायत के बाद शुरू हुई जांच
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, विधानसभा सत्र के दौरान प्रवेश के लिए नकली पास बनाए जाने की शिकायत सामने आई थी। इस मुद्दे को राज्य सरकार के मंत्री उदय सामंत ने गंभीरता से उठाया, जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की।
5 आरोपी गिरफ्तार
जांच के दौरान पुलिस ने केशव गुंजल (53), गणपत भाऊ जावले (50), नागेश शिवाजी पाटिल (42), मनोज आनंद मोरबले (40) और स्वप्निल रमेश तायडे (40) को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, ये सभी आरोपी अवैध तरीके से लोगों को विधानसभा परिसर में प्रवेश दिलाने के लिए फर्जी एंट्री पास तैयार कर रहे थे।
बड़े नेटवर्क की आशंका
पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस मामले में एक बड़े नेटवर्क के शामिल होने की आशंका है। अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है और पूरे मामले की गहराई से जांच की जा रही है।
हाल ही में समाप्त हुआ बजट सत्र
महाराष्ट्र विधानसभा का बजट सत्र 23 फरवरी से शुरू होकर 25 मार्च को संपन्न हुआ। इस दौरान 6 मार्च को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य का बजट पेश किया।
सत्र के दौरान ‘महाराष्ट्र धर्म स्वतंत्रता विधेयक 2026’ और ‘भारतीय न्याय संहिता (महाराष्ट्र संशोधन) विधेयक 2026’ जैसे महत्वपूर्ण विधेयक भी पारित किए गए।
यह मामला विधानसभा की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है, और जांच के आगे बढ़ने के साथ इसमें और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
